Summer express, अंकुर कपूर, अंबाला। धनतेरस के पर्व पर अंबाला के सर्राफा बाजार में ग्राहकों की चहल-पहल देखने को मिल रही है। सोने और चांदी की कीमतों में आई गिरावट के चलते लोगों में खरीदारी को लेकर उत्साह है। इस बार बाजार में पारंपरिक आभूषणों और मूर्तियों के साथ चांदी से बने नए डिजाइन के सामान भी ग्राहकों को आकर्षित कर रहे हैं। खास तौर पर देवी-देवताओं की आकर्षक मूर्तियों और चांदी के उपयोगी सामान की मांग देखने को मिल रही है।
धनतेरस के अवसर पर बाजार में चांदी से तैयार दक्षिण भारतीय शैली की लक्ष्मी-गणेश की मूर्तियां लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं। इन मूर्तियों पर सोने का बारीक वर्क किया गया है और शानदार नक्काशी के जरिए इन्हें भव्य रूप दिया गया है। इसके अलावा रामदरबार, खाटू श्याम, बजरंगबली और राधा-कृष्ण की मूर्तियां भी ग्राहकों को पसंद आ रही हैं।
ज्वेलर्स विशाल वर्मा ने बताया कि इस बार कम वजन में भारी और भव्य दिखने वाली होल मूर्तियों का ट्रेंड बढ़ा है। ग्राहक ऐसी मूर्तियों को अधिक पसंद कर रहे हैं, जो देखने में आकर्षक होने के साथ बजट के लिहाज से भी उपयुक्त हों। मूर्तियों के अलावा चांदी के लोटे, गिलास, पानी की बोतल और हैंड पर्स की भी अच्छी मांग है।
वहीं, ज्वेलर्स पंकज के अनुसार धनतेरस के साथ शादी-ब्याह का सीजन भी शुरू होने के कारण चांदी के डिनर सेट और गिफ्ट आइटम ग्राहकों की पसंद बने हुए हैं। बाजार में करीब 600 ग्राम चांदी का पतरा चढ़ाकर तैयार की गई लकड़ी की कुर्सी जैसी कलाकृतियां भी लोगों का ध्यान खींच रही हैं। इनकी आकर्षक बनावट और अनूठी कारीगरी ग्राहकों को लुभा रही है।
धनतेरस पर सोने-चांदी की खरीदारी को शुभ मानने की परंपरा के चलते बाजार में रौनक बनी हुई है। इस बार चांदी के पारंपरिक सामान के साथ नए डिजाइन और कलात्मक उत्पादों की मांग ने सर्राफा कारोबारियों की उम्मीदें बढ़ा दी हैं।