गुरुग्राम-:गुरुग्राम में ड्रग कंट्रोल विभाग ने नकली दवाओं के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए डायबिटीज में इस्तेमाल होने वाले मौनजारो इंजेक्शन का करीब 70 लाख रुपये का जखीरा जब्त किया है। मुखबिर की सूचना पर की गई इस रेड में सामने आया कि महंगी दवा के नाम पर लोगों की सेहत से खिलवाड़ किया जा रहा था। विभाग अब इस पूरे नेटवर्क की जांच में जुट गया है और सप्लाई चेन का पता लगाने की कोशिश की जा रही है।
दिल्ली से सटे गुरुग्राम में ड्रग कंट्रोल विभाग को सूचना मिली थी कि नकली मौनजारो इंजेक्शन की बड़ी खेप शहर में पहुंची है। सूचना के आधार पर ड्रग कंट्रोल ऑफिसर अमनदीप चौहान की अगुवाई में टीम ने छापेमारी की। रेड के दौरान मौके से करीब 70 लाख रुपये कीमत के इंजेक्शन बरामद किए गए। प्राथमिक जांच में सामने आया है कि ये इंजेक्शन असली ब्रांड की आड़ में बाजार में सप्लाई किए जा रहे थे।अमनदीप चौहान, ड्रग कंट्रोल ऑफिसर – “मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए हमने बड़ी मात्रा में संदिग्ध इंजेक्शन बरामद किए हैं, जिनकी जांच करवाई जा रही है।”बताया जा रहा है कि मौनजारो इंजेक्शन मूल रूप से डायबिटीज के मरीजों के इलाज में इस्तेमाल होता है, लेकिन हाल के दिनों में इसे वजन घटाने के लिए भी गलत तरीके से इस्तेमाल किया जा रहा है। इसी मांग का फायदा उठाकर नकली दवाओं का यह काला कारोबार चलाया जा रहा था। विभाग को आशंका है कि यह एक संगठित रैकेट हो सकता है, जो महंगे इंजेक्शन की आड़ में लोगों को नकली दवा बेच रहा था।ड्रग कंट्रोल विभाग ने लोगों से अपील की है कि दवाइयां हमेशा लाइसेंसधारी मेडिकल स्टोर से ही खरीदें और बिल जरूर लें। साथ ही इंजेक्शन का बैच नंबर और पैकेजिंग ध्यान से जांचें। बरामद सैंपल को जांच के लिए लैब भेज दिया गया है। रिपोर्ट आने के बाद दोषियों के खिलाफ ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।