summer express,बरनाला। त्योहारों के सीजन में खाद्य पदार्थों में मिलावट के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत फूड सेफ्टी विभाग की टीम ने बरनाला शहर में एक ठिकाने पर छापेमारी कर करीब 1000 लीटर संदिग्ध तेल जब्त किया है। विभाग ने मौके पर मिले पूरे स्टॉक को सील कर दिया है। टीम ने तेल के नमूने भी लिए हैं, जिन्हें जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जाएगा। लैब रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
फूड सेफ्टी विभाग को पिछले कुछ दिनों से बरनाला में कथित तौर पर मिलावटी तेल तैयार किए जाने की शिकायतें मिल रही थीं। इसी आधार पर टीम ने कार्रवाई की। छापेमारी के दौरान एक टैंक में करीब 375 लीटर वेजिटेबल ऑयल और करीब 600 लीटर खुला सरसों का तेल मिला। इसके अलावा अलग-अलग पैकेजिंग में भी तेल रखा हुआ था।
फूड सेफ्टी ऑफिसर चरणजीत सिंह के अनुसार, मौके से करीब 1000 लीटर तेल जब्त किया गया है। इसमें करीब 750 लीटर सरसों का तेल और 375 लीटर वनस्पति तेल शामिल है। प्रारंभिक जांच में अलग-अलग प्रकार के तेल को मिलाकर तैयार किए जाने की आशंका सामने आई है।
विभाग को तेल की पैकेजिंग और लाइसेंस को लेकर भी अनियमितता का संदेह है। अधिकारियों के मुताबिक, जिस स्थान से तेल बरामद किया गया है, वहां के बजाय किसी अन्य जगह के नाम से लाइसेंस बना हुआ है। इसके अलावा तेल की पैकेजिंग पर लगे लेबल और रैपर भी किसी दूसरी जगह से संबंधित बताए जा रहे हैं। ऐसे में विभाग मिलावट के साथ-साथ गलत लेबलिंग की भी जांच कर रहा है।
अधिकारियों ने बताया कि तेल के नमूनों की लैब जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि उसमें मिलावट की गई थी या नहीं। यदि जांच रिपोर्ट में नमूने मानकों के अनुरूप नहीं पाए जाते हैं, तो संबंधित लोगों के खिलाफ फूड सेफ्टी एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी।
फूड सेफ्टी ऑफिसर चरणजीत सिंह ने बताया कि विभाग की ओर से लगातार मिलावटखोरों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। पिछले सप्ताह भी तपा क्षेत्र में सरसों के तेल से संबंधित एक छोटी पैकिंग यूनिट को सील किया गया था। उन्होंने कहा कि पनीर, मिठाई, सरसों का तेल, देसी घी समेत सभी खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता निर्धारित मानकों के अनुरूप होना जरूरी है और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।