ढालपुर मैदान में बेतरतीब दुकानों के कारण फायर ब्रिगेड की राह मुश्किल, एक मिनट में पहुंचने के लक्ष्य में लग रहे 20 मिनट
मनमिंदर अरोड़ा | कुल्लू -:दिवाली के त्योहार को लेकर जिला कुल्लू में अग्निशमन विभाग ने तैयारियां पूरी कर ली हैं।किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए विभाग ने कर्मचारियों को अलर्ट पर रखा है और सभी कर्मचारियों की छुट्टियां भी रद्द कर दी हैं। इसके अलावा संवेदनशील स्थानों पर अग्निशमन वाहनों की तैनाती की गई है।हालांकि, विभाग की तैयारियों के बीच ढालपुर मैदान और भुंतर में मौजूद अव्यवस्थाएं आगजनी की घटना के दौरान बड़ी परेशानी खड़ी कर सकती हैं। ढालपुर मैदान में व्यापारिक मेले के दौरान बेतरतीब तरीके से लगाई गई दुकानों के कारण अग्निशमन वाहनों को आवाजाही के लिए पर्याप्त रास्ता नहीं मिल पा रहा है। वहीं, भुंतर में एक भी हाइड्रेंट चालू हालत में नहीं है।
ढालपुर मैदान में दुकानों ने रोका फायर ब्रिगेड का रास्ता
कुल्लू के ढालपुर मैदान में दशहरा उत्सव समाप्त होने के बाद भी व्यापारिक मेला जारी है। मैदान में बड़ी संख्या में व्यापारियों ने दुकानें और रेहड़ियां लगाई हुई हैं। लेकिन दुकानों को व्यवस्थित तरीके से न लगाए जाने के कारण अग्निशमन विभाग के कर्मचारियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मैदान में अग्निशमन विभाग के अतिरिक्त वाहन तैनात किए गए हैं, ताकि आग लगने की स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके। इसके बावजूद मैदान के भीतर वाहनों की आवाजाही आसान नहीं है।
विभाग के अनुसार ढालपुर मैदान में किसी भी स्थान पर अग्निशमन वाहन के पहुंचने का निर्धारित समय एक मिनट है। लेकिन मौजूदा हालात में इस दूरी को तय करने में करीब 20 मिनट तक लग रहे हैं। दुकानों और रेहड़ियों के कारण रास्ते इतने संकरे हो गए हैं कि कई बार अग्निशमन कर्मचारियों को वाहन निकालने के लिए खुद रास्ता खाली करवाना पड़ता है। ऐसे में दिवाली के दौरान अगर किसी दुकान या अन्य स्थान पर आग लगने की घटना होती है तो शुरुआती समय में आग पर काबू पाना विभाग के लिए बड़ी चुनौती बन सकता है।
भुंतर में नौ हाइड्रेंट बंद, 20 नए लगाने का प्रस्ताव
कुल्लू शहर में जल शक्ति विभाग की ओर से सभी अग्निशमन हाइड्रेंट को दुरुस्त कर दिया गया है। इससे शहर में आगजनी की घटना होने पर अग्निशमन वाहनों को पानी उपलब्ध करवाने में मदद मिलेगी। लेकिन भुंतर शहर की स्थिति इसके बिल्कुल विपरीत है। यहां पहले नौ हाइड्रेंट स्थापित किए गए थे, लेकिन पानी की नियमित आपूर्ति न होने के कारण सभी हाइड्रेंट बंद पड़े हैं। ऐसे में भुंतर बाजार में आग लगने की स्थिति में अग्निशमन विभाग के सामने पानी की उपलब्धता बड़ी समस्या बन सकती है।विभाग की ओर से भुंतर में 20 नए हाइड्रेंट स्थापित करने का प्रस्ताव भी दिया गया है, लेकिन अभी तक इस दिशा में व्यवस्था नहीं हो पाई है। भुंतर कुल्लू से करीब 13 किलोमीटर दूर स्थित है। यहां आग बुझाने के लिए कुल्लू से ही अग्निशमन वाहन भेजे जाते हैं। ऐसे में घटनास्थल तक पहुंचने में लगने वाला समय और पानी की व्यवस्था, दोनों ही चुनौतीपूर्ण साबित हो सकते हैं।
फायर अधिकारी ने लोगों से की सावधानी बरतने की अपील
अग्निशमन विभाग के फायर अधिकारी प्रेम सिंह ने बताया कि दिवाली को देखते हुए विभाग पूरी तरह सतर्क है। सभी कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं और ढालपुर मैदान में अतिरिक्त अग्निशमन वाहनों की तैनाती की गई है। उन्होंने बताया कि भुंतर में फिलहाल कोई भी हाइड्रेंट काम नहीं कर रहा है। वहीं, ढालपुर मैदान में दुकानों के बेतरतीब तरीके से लगाए जाने के कारण अग्निशमन वाहनों को आने-जाने में दिक्कत हो रही है।उन्होंने व्यापारियों और आम लोगों से अपील की कि दिवाली के दौरान आग से बचाव के लिए विशेष सावधानी बरतें। पटाखों और अन्य ज्वलनशील सामग्री की बिक्री सुरक्षित स्थानों पर उचित दूरी बनाए रखते हुए करें। साथ ही दुकानों के आसपास रास्ते खुले रखें, ताकि किसी भी आपात स्थिति में अग्निशमन वाहन बिना रुकावट मौके पर पहुंच सकें। विभाग की तैयारियों के साथ आम लोगों का सहयोग भी आगजनी की घटनाओं से निपटने में अहम भूमिका निभाएगा।