रोहतक | हरियाणा में प्रशासनिक लापरवाही का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। लोक स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत विजय कुमार, निवासी वाल्मीकि बस्ती, रामलीला पड़ाव, रोहतक को महीनों से वेतन नहीं मिल रहा, क्योंकि आधार रिकॉर्ड में उनका स्टेटस “मृतक” दर्ज है। जबकि वे पूरी तरह जीवित हैं और नियमित रूप से अपनी ड्यूटी निभा रहे हैं।
मानव अधिकार आयोग ने लिया संज्ञान
विजय कुमार को कोविड-19 के बाद से वेतन से वंचित रखा गया। इस गंभीर चूक का पता चलने पर हरियाणा मानव अधिकार आयोग ने स्वतः संज्ञान लिया और विभाग से जवाब मांगा है।
रिकॉर्ड अपडेट न करने का आरोप
आयोग के अनुसार, लोक स्वास्थ्य विभाग ने समय रहते एचकेआरएनएल पोर्टल पर रिकॉर्ड अपडेट नहीं किया। जबकि विभाग के पास यह जानकारी पहले से थी कि आधार में दर्ज “मृतक” स्टेटस गलत है।
मानसिक व आर्थिक पीड़ा झेली
वेतन न मिलने से विजय कुमार को न केवल आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ा, बल्कि मानसिक तनाव और असुरक्षा की स्थिति भी बनी रही। आयोग ने कहा कि इस तरह की गलती किसी व्यक्ति की गरिमा और आजीविका पर गंभीर चोट करती है।