पंजाब | अमेरिका में 30 साल से रह रही हरजीत कौर को अमेरिकी इमिग्रेशन और कस्टम्स एंजेंसी (ICE) ने डिपोर्ट कर दिया है। हरजीत कौर पंजाब की निवासी हैं और अमेरिका में उन्हें स्थानीय समुदाय में प्यार से ‘पंजाबी दादी’ के नाम से जाना जाता था।
जानकारी के अनुसार, हरजीत कौर को ICE की रूटीन चेकिंग के दौरान हिरासत में लिया गया था। उनके परिवार का कहना है कि वह पिछले तीन दशकों से अमेरिका में रह रही थीं और उनका कोई अपराधिक रिकॉर्ड नहीं है। 1992 में दो बेटों के साथ भारत से अमेरिका आई हरजीत कौर का 2013 में आवेदन रद्द कर दिया गया था।
बुजुर्ग महिला हर छह महीने में ICE को रिपोर्ट करती रही, लेकिन उम्र और स्वास्थ्य की कमजोर स्थिति के बावजूद उनकी रिहाई नहीं हुई। उनके परिवार और समुदाय ने स्वास्थ्य समस्याओं (थायरॉइड, माइग्रेन, घुटनों की बीमारी) को ध्यान में रखते हुए रिहाई की मांग की थी।
हरजीत कौर की पोती ने बताया कि उन्हें दादी से मिलने तक नहीं दिया गया। डिपोर्टेशन के दौरान उन्हें हथकड़ियों और बेड़ियों से बांधकर भारत भेजा गया। अमेरिकी प्रशासन ने उन्हें पहले जॉर्जिया से आर्मेनिया और फिर दिल्ली एयरपोर्ट भेजा। दिल्ली एयरपोर्ट पर उनका परिवार और परिचित उन्हें लेने पहुंचे।
इस कार्रवाई ने अमेरिकी प्रवासी समुदाय में गहरी निराशा और आक्रोश पैदा किया है। वकील दीपक आहलूवालिया ने बताया कि हरजीत कौर समेत 132 भारतीय नागरिक इसी तरह से अमेरिका से भारत वापस भेजे गए।