Summer express/हमीरपुर, अरविंद-: कांगड़ा जिले के बनखंडी क्षेत्र में करोड़ों रुपये की लागत से तैयार किए जा रहे नॉर्थ इंडिया के पहले दुर्गेश अरण्य प्राणी उद्यान के निर्माण कार्य ने रफ्तार पकड़ ली है। परियोजना के पहले चरण का करीब 90 फीसदी काम पूरा हो चुका है। शेष कार्य को अगले एक से दो महीने में पूरा किए जाने की उम्मीद है। पार्क के पूरी तरह विकसित होने के बाद देश-विदेश से आने वाले पर्यटक और वन्यजीव प्रेमी विभिन्न प्रजातियों के वन्यजीवों को उनके प्राकृतिक परिवेश के करीब देख सकेंगे।दुर्गेश अरण्य प्राणी उद्यान का निर्माण तीन चरणों में किया जा रहा है। इसके लिए वन विभाग के वन्यजीव विंग की ओर से सैकड़ों एकड़ भूमि का अधिग्रहण किया गया है। पहले चरण में वन्यजीवों की बेहतर देखभाल और पर्यटकों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए कई महत्वपूर्ण सुविधाएं विकसित की जा रही हैं।
इस चरण में वन्यजीव अस्पताल, रेस्क्यू सेंटर, क्वारंटाइन सेंटर और डायग्नोस्टिक सेंटर का निर्माण लगभग पूरा हो चुका है। इसके अलावा एक्वेरियम, पार्किंग और एंट्री प्लाजा समेत अन्य बुनियादी ढांचे का काम भी अंतिम चरण में है।प्राणी उद्यान में करीब 70 बड़े और खुले एनक्लोजर तैयार किए जा रहे हैं। इनमें अलग-अलग प्रजातियों के वन्यजीवों को रखा जाएगा। पर्यटक यहां शेर, चीता, मगरमच्छ समेत कई अन्य वन्यजीवों को करीब से देखने का अनुभव प्राप्त कर सकेंगे। पार्क में एक बड़ा एक्वेरियम भी विकसित किया जा रहा है, जो पर्यटकों के लिए प्रमुख आकर्षणों में शामिल होगा।वन्यजीव विंग के डीएफओ रेजिनॉल्ड रायस्टन ने बताया कि परियोजना के पहले चरण का लगभग 90 फीसदी कार्य पूरा हो चुका है। बाकी कार्य भी निर्धारित समय में पूरा करने के प्रयास किए जा रहे हैं।उन्होंने बताया कि वन्यजीव विभाग की ओर से अक्टूबर में वाइल्डलाइफ वीक के तहत विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। वन्यजीवों पर डॉक्यूमेंट्री बनाने वालों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतियोगिता भी आयोजित होगी। इच्छुक प्रतिभागी 1 से 20 सितंबर तक अपनी डॉक्यूमेंट्री जमा कर सकते हैं। विशेषज्ञों की टीम विजेता का चयन करेगी और सर्वश्रेष्ठ डॉक्यूमेंट्री बनाने वाले प्रतिभागी को 20 हजार रुपये का नकद पुरस्कार दिया जाएगा।