Summer express/चंम्बा, मंजूर पठान -:हिमाचल प्रदेश सरकार प्रदेश में बेहतर शिक्षा व्यवस्था के बड़े-बड़े दावे करती है, लेकिन चंबा जिले के चुराह विधानसभा क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था की जमीनी हकीकत इन दावों पर सवाल खड़े कर रही है। शिक्षा खंड कल्हेल के अंतर्गत आने वाले करीब 12 राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों में विज्ञान संकाय की सुविधा उपलब्ध नहीं है। ऐसे में दसवीं कक्षा के बाद विज्ञान विषय की पढ़ाई करने के इच्छुक विद्यार्थियों को चंबा या तीसा का रुख करना पड़ता है। ग्रामीण क्षेत्रों के कई विद्यार्थियों के लिए यह दूरी और अतिरिक्त खर्च बड़ी चुनौती बन जाता है।
चुराह क्षेत्र के ग्रामीण इलाकों में बड़ी संख्या में विद्यार्थी दसवीं के बाद विज्ञान संकाय लेकर आगे की पढ़ाई करना चाहते हैं।कई छात्र डॉक्टर, इंजीनियर और अन्य तकनीकी क्षेत्रों में अपना भविष्य बनाना चाहते हैं, लेकिन स्थानीय स्तर पर साइंस स्ट्रीम उपलब्ध नहीं होने के कारण उन्हें शिक्षा के लिए दूर जाना पड़ रहा है।गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों के सामने बच्चों की पढ़ाई के साथ रहने, आने-जाने और अन्य खर्चों का बोझ भी बढ़ जाता है।ऐसे में कई प्रतिभाशाली विद्यार्थी इच्छा होने के बावजूद विज्ञान की पढ़ाई आगे जारी नहीं रख पाते।स्कूली छात्राओं का कहना है कि उनके स्कूल में विज्ञान संकाय नहीं होने से उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। छात्राओं ने सरकार से मांग की है कि क्षेत्र के स्कूलों में जल्द से जल्द विज्ञान की कक्षाएं शुरू की जाएं, ताकि उन्हें उच्च शिक्षा के लिए घर से दूर न जाना पड़े और वे अपने भविष्य के सपनों को पूरा कर सकें।वहीं, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कल्हेल के प्रधानाचार्य एवं खंड परियोजना अधिकारी रमेश चंद ने भी इस समस्या को गंभीर बताया है। उनका कहना है कि स्कूल में विज्ञान संकाय नहीं होने के कारण विद्यार्थियों के डॉक्टर और इंजीनियर बनने के सपनों को झटका लग रहा है। उन्होंने बताया कि कल्हेल शिक्षा खंड के अंतर्गत आने वाले करीब 12 वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों में अभी तक विज्ञान संकाय की कक्षाएं शुरू नहीं हो पाई हैं।स्थानीय लोगों और विद्यार्थियों की मांग है कि सरकार क्षेत्र की भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए स्कूलों में आवश्यक स्टाफ और संसाधन उपलब्ध करवाए तथा जल्द विज्ञान संकाय शुरू करे, ताकि ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों को भी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का समान अवसर मिल सके।