दिल्ली प्रदर्शन के दौरान अभद्र भाषा के इस्तेमाल पर जताई चिंता
Summer express/शिमला, संजू-: हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने मंगलवार को शिमला स्थित लोक भवन में नवरात्र के अवसर पर विधिवत पूजा-अर्चना और हवन-यज्ञ किया। इस दौरान उन्होंने लोक भवन के कर्मचारियों और उनके परिवारों के साथ धार्मिक अनुष्ठान में भाग लिया।राज्यपाल ने मां दुर्गा से हिमाचल प्रदेश की सुख-समृद्धि, खुशहाली और निरंतर विकास की कामना की। इस अवसर पर भंडारे का आयोजन भी किया गया, जिसमें राज्यपाल ने स्वयं श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया।
राज्यपाल ने प्रदेशवासियों को नवरात्र की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि नवरात्र का पर्व शक्ति, आस्था और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक है। इन नौ दिनों में नौ देवियों की आराधना की जाती है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश देवभूमि है और यहां मां ज्वालामुखी तथा मां चामुंडा सहित कई प्रसिद्ध शक्तिपीठ स्थित हैं, जिनकी देशभर में विशेष धार्मिक मान्यता है।उन्होंने कहा कि पूजा-अर्चना और हवन-यज्ञ के दौरान माता रानी से प्रार्थना की गई कि प्रदेश में सुख-शांति और समृद्धि बनी रहे। हिमाचल विकास के पथ पर लगातार आगे बढ़े और देश तथा प्रदेश के सामने आने वाली चुनौतियां दूर हों। उन्होंने सभी परिवारों के सुखी एवं शांतिपूर्ण जीवन की कामना भी की।वहीं, दिल्ली में युवाओं के प्रदर्शन के दौरान अभद्र भाषा के इस्तेमाल से जुड़े सवाल पर राज्यपाल ने चिंता जताई। उन्होंने कहा कि इस तरह के व्यवहार के पीछे संस्कारों की कमी भी एक कारण हो सकती है। युवाओं में अच्छे संस्कार विकसित करने के लिए समाज को जागरूक होने की आवश्यकता है।राज्यपाल ने कहा कि युवाओं को सही शिक्षा और संस्कार देने में शिक्षकों के साथ-साथ माता-पिता की भी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। केवल कानून बनाकर ऐसी समस्याओं का समाधान नहीं किया जा सकता, बल्कि समाज को भी अपनी जिम्मेदारी समझते हुए सक्रिय भूमिका निभानी होगी।उन्होंने कहा कि युवा शक्ति देश का भविष्य है। युवाओं में ऐसी सकारात्मक सोच, प्रेरणा और नैतिक मूल्य विकसित किए जाने चाहिए, जिससे वे जिम्मेदार नागरिक बनें और भविष्य में भारत की प्रगति तथा विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे सकें।