Summer express/फरीदाबाद। बेटे के जन्म की खुशियां मनाने के लिए छुट्टी लेकर घर लौट रहे भारतीय सेना के जवान दिनेश वशिष्ठ की सड़क हादसे में मौत हो गई। फरीदाबाद के हीरापुर गांव के रहने वाले दिनेश वशिष्ठ की मौत की खबर से पूरे गांव में मातम छा गया। जवान का पार्थिव शरीर पंचतत्व में विलीन हो गया। उनकी अंतिम विदाई के दौरान ग्रामीणों और परिजनों की आंखें नम हो गईं।जानकारी के अनुसार, दिनेश वशिष्ठ भारतीय सेना की 48 आर्म्ड रेजिमेंट की 22 आरआर यूनिट में तैनात थे। उनकी पोस्टिंग जम्मू-कश्मीर के बारामूला में थी। करीब सात साल पहले वह सेना में भर्ती हुए थे और देश की सेवा कर रहे थे। इसी दौरान सड़क हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
हादसे के बाद जवान को फरीदाबाद के सर्वोदय अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार चला। इसके बाद उन्हें बेस अस्पताल में भर्ती कराया गया। यहां करीब 15 दिनों तक जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष करने के बाद उन्होंने दम तोड़ दिया।दिनेश वशिष्ठ की निजी जिंदगी में भी खुशियों ने हाल ही में दस्तक दी थी। चार साल पहले उनकी शादी ज्योति से हुई थी। महज 28 दिन पहले उनकी पत्नी ने बेटे को जन्म दिया था। परिवार बेटे के आगमन की खुशियां मना रहा था, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। जिस पिता को अपने नवजात बेटे को गोद में खिलाना था, वह हमेशा के लिए दुनिया छोड़ गया।जवान की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। गांव में हर आंख नम है और हर कोई परिवार को सांत्वना देने में जुटा है। नवजात बच्चे के सिर से पिता का साया उठने की इस घटना ने पूरे क्षेत्र को गमगीन कर दिया है।