Ambala, 9 July –हरियाणा के ऊर्जा, परिवहन एवं श्रम मंत्री अनिल विज ने बताया कि अम्बाला छावनी क्षेत्र में लागू की गई स्वामित्व योजना के तहत नगर परिषद अम्बाला सदर को अब तक लगभग 33 करोड़ रुपये की आय प्राप्त हुई है। इस योजना से सैकड़ों दुकानदारों को मालिकाना हक मिलने से वर्षों पुराना सपना साकार हुआ है।
मंत्री अनिल विज ने बताया कि नगर परिषद द्वारा 20 वर्ष से अधिक पुराने तह-बाजारी, किराए व लीज से जुड़े मामलों में 58% आवेदनों को स्वीकृति दी जा चुकी है। अब तक 438 दुकानों की रजिस्ट्री हो चुकी है, जिससे ये दुकानदार अब कानूनी रूप से मालिक बन चुके हैं।
417 किराएदार बने मालिक, मल्टी-स्टोरी दुकानें बनाने का रास्ता साफ
मंत्री विज ने बताया कि अब तक कुल 734 किराएदारों ने मालिकाना हक प्राप्त करने के लिए आवेदन किया, जिनमें से 535 मामलों को स्वीकृति मिल चुकी है। इनमें से 417 किराएदारों की रजिस्ट्री भी पूरी हो चुकी है। ये दुकानदार अब चाहें तो अपनी दुकानों का पुर्ननिर्माण या विस्तार कर सकते हैं।
तह-बाजारी और लीज आवेदनों पर भी तेज़ी से कार्य
विज ने बताया कि तह-बाजारी श्रेणी में 223 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 126 केस स्वीकृत किए गए हैं और 21 रजिस्ट्रियां पूर्ण हो चुकी हैं। वहीं, 190 लीज केसों पर कार्यवाही जारी है।
अम्बाला छावनी को योजना से जोड़ना ऐतिहासिक निर्णय: विज
अनिल विज ने बताया कि पूर्व में एक्साइज एरिया होने के कारण अम्बाला छावनी को इस योजना से बाहर रखा गया था, लेकिन उनके विशेष प्रयासों से अब छावनी क्षेत्र के निवासी भी इस योजना का पूरा लाभ उठा पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि रेलवे रोड, राय मार्केट, गांधी मार्केट, सब्जी मंडी, रामबाग रोड व बस स्टैंड जैसी प्रमुख जगहों पर स्थित दुकानों को अब वैध मालिकाना हक मिल चुका है।