राहुल चावला , धर्मशाला | प्रदेश के सबसे बड़े जिला कांगड़ा में अब तक हुई बरसात 116 करोड़ रुपये बहाकर ले जा चुकी है, वहीं 13 लोगों की मौत हो चुकी है। बरसात में अब तक पेयजल योजनाओं व सडक़ों को क्षति पहुंची है। हालांकि प्रशासन का दावा है कि जिला में कोई भी मार्ग बंद नहीं है, वहीं पुरानी योजनाओं को चालू करके लोगों को पेयजल उपलब्ध करवाया जा रहा है। मौसम विभाग की ओर से आगामी चार दिन भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है, जिसके तहत विभिन्न विभागों के माध्यम से निचले स्तर तक इस संबंध में जानकारी पहुंचाई जा रही है। यही नहीं जिन क्षेत्रों में पूर्व में बाढ़ या बादल फटने जैसी घटनाएं सामने आ चुकी हैं, उन क्षेत्रों के लोगों को प्रशासन ने सतर्क रहने को कहा है।
कुछ विभाग बना रहे नुकसान की रिपोर्ट
जिला प्रशासन से मिली जानकारी के अनुसार बरसात की शुरूआत से लेकर अब तक जिला कांगड़ा में 13 लोगों की मौत हो चुकी है, इनमें से कुछ सडक़ दुर्घटनाओं में हुई मौतें भी शामिल हैं। कुछ विभाग अभी नुकसान की रिपोर्ट तैयार कर रहे हैं, जिसकी रिपोर्ट आने पर नुकसान में और बढ़ोतरी होगी। जहां पूर्व में बादल फटने या बाढ़ आने की घटनाएं घटित हो चुकी हैं, ऐसे स्थानों पर स्थानीय लोग चौकस रहें। कई बार भारी बारिश रात के समय होती है, इसलिए ऐसी स्थिति से निपटने के लिए चौकस रहना बेहद जरूरी है, जिससे कि समय रहते सुरक्षित स्थान का रुख किया जा सके।
चार दिन भारी बारिश की संभावना
जिला में कहीं भी सडक़ मार्ग बाधित नहीं हैं। पेयजल की 5 बड़ी योजनाएं अभी तक पूरी तरह से चालू नहीं हैं, लेकिन इन योजनाओं के साथ लगती पुरानी योजनाओं को चालू करके लोगों को पेयजल उपलब्ध करवाया जा रहा है। आगामी चार दिनों तक भारी बारिश की मौसम विभाग की ओर से संभावना जताई गई है। विभिन्न विभागों के एसडीओ स्तर पर इस संबंध में जानकारी देकर सतर्क रहने को कहा गया है। पंचायतों के प्रधानों के माध्यम से भी लोगों को इस संबंध में जानकारी पहुंचाने की व्यवस्था की जाए रही है।
जिला कांगड़ा में बरसात से अब तक 116 करोड़ रुपये के नुकसान का आकलन किया गया है। इस अवधि के दौरान 13 लोगों की मौत हुई है, जिसमें सडक़ दुर्घटनाओं में हुई मौतें भी शामिल हैं। 5 बड़ी पेयजल योजनाएं अभी सक्रिय नहीं है, जबकि उनके साथ लगती पुरानी योजनाओं को सक्रिय कर पानी मुहैया करवाया जा रहा है।