Summer express/शिमला/संजू-:हिमाचल प्रदेश विधानसभा में राष्ट्रगान और राष्ट्रगीत के कथित अपमान को लेकर जारी विवाद के बीच लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने भाजपा पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के पास कोई ठोस मुद्दा नहीं है और पिछले तीन दिनों से राष्ट्रगान-राष्ट्रगीत के मुद्दे पर विधानसभा की कार्यवाही बाधित करने की कोशिश की जा रही है। विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि राष्ट्रगान और राष्ट्रगीत दोनों का देश के इतिहास में महत्वपूर्ण स्थान है और कांग्रेस के नेताओं का भी इनके साथ योगदान रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस दोनों का सम्मान करती है, लेकिन विपक्ष को राजनीतिक मुद्दों पर राजनीति करने के बजाय प्रदेश के वास्तविक और जनहित से जुड़े मुद्दों को विधानसभा में उठाना चाहिए।
लोक निर्माण मंत्री ने आरोप लगाया कि भाजपा के पास चर्चा के लिए कोई ठोस विषय नहीं है, इसलिए लोगों का ध्यान भटकाने के लिए बार-बार ऐसे मुद्दे उठाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि देश में महंगाई, चीनी, पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमत जैसे आम जनता से जुड़े कई मुद्दे हैं, लेकिन इन पर चर्चा करने के बजाय जनता का ध्यान दूसरे विषयों की ओर मोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि राष्ट्रगान और राष्ट्रगीत का सम्मान होना चाहिए, लेकिन हर दिन इसी मुद्दे को उठाकर खुद को सबसे बड़ा देशभक्त साबित करने की कोशिश से प्रदेश की जनता का कोई भला नहीं होने वाला। उन्होंने विपक्ष से वास्तविक जनहित के मुद्दों पर चर्चा करने की अपील की।
वहीं, हिमाचल में सड़कों की खस्ता हालत और समय पर टारिंग नहीं होने के मुद्दे पर विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि सरकार सड़कों की मरम्मत के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय राजमार्गों, राज्य की सड़कों और लोक निर्माण विभाग की सड़कों की मरम्मत के साथ बरसात से हुए नुकसान को भी ठीक किया जा रहा है।
विक्रमादित्य सिंह ने विधानसभा में मार्च और अप्रैल के दौरान सड़कों की टारिंग नहीं हो पाने को सरकार की कमी माना। उन्होंने कहा कि बिटुमिन की कीमतें बढ़ने के कारण यह समस्या आई, लेकिन अब इसकी भरपाई के लिए बजट का प्रावधान किया गया है।मंत्री ने कहा कि मानसून खत्म होने के बाद पूरे प्रदेश में करीब 800 किलोमीटर सड़कों की टारिंग करवाई जाएगी। इसके साथ ही बरसात में सड़कों को हुए नुकसान की भी मरम्मत की जाएगी।उन्होंने कहा कि लोक निर्माण विभाग के पास उपलब्ध बजट के अनुसार ही काम करवाया जा सकता है। सरकार पहले बजट का प्रबंध करती है और उसके बाद उसे धरातल पर उतारने का प्रयास किया जाता है।विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि वह खुद प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों में जाकर बरसात से हुए सड़क नुकसान का निरीक्षण कर रहे हैं। खासकर अधिक प्रभावित क्षेत्रों में मौके पर जाकर स्थिति का जायजा लिया जाएगा और सड़कों की मरम्मत का काम समय पर पूरा करने का हर संभव प्रयास किया जाएगा।