Summer express/अंबाला-:नेपाल में आई भीषण बाढ़ और प्राकृतिक आपदा ने बड़े पैमाने पर तबाही मचाई है। इस मुश्किल घड़ी में अंबाला के डॉक्टरों ने इंसानियत की मिसाल पेश करते हुए नेपाल पहुंचकर प्रभावित लोगों का इलाज किया। फिलाडेल्फिया अस्पताल की पांच सदस्यीय मेडिकल टीम ने नेपाल के अलग-अलग बाढ़ प्रभावित इलाकों में तीन दिनों तक मेडिकल कैंप लगाए और करीब ढाई से तीन हजार लोगों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराईं। डॉक्टरों ने जरूरतमंदों को निशुल्क दवाइयां भी वितरित कीं।
नेपाल में बाढ़ और भूस्खलन के कारण कई सड़कें टूट चुकी थीं और प्रभावित इलाकों तक पहुंचना बेहद मुश्किल था। इसके बावजूद अंबाला से गई मेडिकल टीम बड़ी मात्रा में दवाइयां लेकर सड़क मार्ग से नेपाल पहुंची। डॉक्टरों ने खुद वाहन चलाकर दुर्गम इलाकों तक पहुंच बनाई और वहां मेडिकल कैंप लगाकर लोगों का इलाज किया।त्रिशूली बाजार, रसुवा समेत कई प्रभावित क्षेत्रों में लगाए गए कैंपों में बड़ी संख्या में मरीज पहुंचे। बाढ़ के बाद लोगों में बुखार, उल्टी, चोट और संक्रमण जैसी स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं सामने आईं। मेडिकल टीम ने मरीजों की जांच कर उन्हें निशुल्क उपचार और दवाइयां उपलब्ध कराईं।तीन दिन तक लगातार सेवा देने के बाद जब टीम वापस लौटने लगी तो वहां मौजूद पीड़ितों का एक सवाल डॉक्टरों को भावुक कर गया। लोगों ने डॉक्टरों से पूछा—“डॉक्टर साहब, आप वापस कब आओगे?” डॉक्टरों के मुताबिक, नेपाल में प्राकृतिक आपदा से हुई तबाही और लोगों की परेशानियां देखकर उनकी आंखें नम हो गईं।
डॉक्टरों का कहना है कि उनका उद्देश्य केवल मरीजों का इलाज करना नहीं था, बल्कि आपदा की इस घड़ी में नेपाल के लोगों को यह भरोसा दिलाना भी था कि वे अकेले नहीं हैं।अंबाला लौटने के बाद अस्पताल में नेपाल के प्रभावित परिवारों की सलामती के लिए विशेष प्रार्थना सभा आयोजित की गई। मेडिकल टीम ने कहा कि अगर नेपाल में दोबारा जरूरत पड़ी तो वे सेवा के लिए वहां जाने को पूरी तरह तैयार हैं।