1500 मीटर दौड़ में जीता रजत पदक, आगामी प्रतियोगिताओं में भाग लेने का खर्च सरकार से दिलाने के लिए मुख्यमंत्री के समक्ष उठाएंगे मामला
Summer express/हमीरपुर, अरविंद -:राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाने वाली हमीरपुर जिले के भिड़ा गांव की बेटी राशी ने अंडर-23 राष्ट्रीय एथलेटिक्स प्रतियोगिता में रजत पदक जीतकर हिमाचल प्रदेश का गौरव बढ़ाया है। उनकी इस शानदार उपलब्धि पर मुख्यमंत्री के राजनीतिक सलाहकार सुनील शर्मा बिट्टू ने राशी के घर पहुंचकर उन्हें और उनकी माता को सम्मानित किया। उन्होंने राशी को शॉल और टोपी पहनाकर उनकी सफलता के लिए बधाई दी तथा उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
नेताजी सुभाष चंद्र बोस स्मारक राजकीय महाविद्यालय, हमीरपुर की छात्रा राशी ने राजस्थान के जयपुर में 16 से 18 अक्टूबर तक आयोजित अंडर-23 राष्ट्रीय एथलेटिक्स प्रतियोगिता में 1500 मीटर दौड़ में रजत पदक हासिल किया। उनकी इस सफलता ने जिले के साथ-साथ पूरे प्रदेश को गौरवान्वित किया है।इस अवसर पर सुनील शर्मा बिट्टू ने कहा कि राशी की उपलब्धि उनकी मेहनत, अनुशासन, लगन और निरंतर अभ्यास का परिणाम है। उन्होंने कहा कि सीमित संसाधनों के बावजूद राष्ट्रीय स्तर पर पदक हासिल करना बड़ी उपलब्धि है। राशी के पिता का काफी समय पहले निधन हो चुका है, जबकि उनकी माता आंगनबाड़ी में कार्यरत हैं। ऐसे में राशी की सफलता उनके संघर्ष और दृढ़ संकल्प की प्रेरणादायक मिसाल है।उन्होंने कहा कि वह मुख्यमंत्री से मुलाकात कर राशी को भविष्य में राष्ट्रीय और अन्य महत्वपूर्ण प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए हवाई यात्रा सहित अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करवाने तथा यात्रा खर्च सरकार की ओर से वहन करने का आग्रह करेंगे। उनका प्रयास रहेगा कि आर्थिक परिस्थितियां राशी की खेल प्रतिभा और भविष्य की राह में बाधा न बनें।
खिलाड़ियों के हितों को लेकर केंद्र पर साधा निशाना
इस दौरान सुनील शर्मा बिट्टू ने सांसद अनुराग ठाकुर पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अनुराग ठाकुर हमीरपुर संसदीय क्षेत्र के सांसद रहने के साथ पूर्व केंद्रीय खेल मंत्री भी रह चुके हैं, इसलिए उन्हें खिलाड़ियों के उत्थान और प्रोत्साहन के लिए अधिक सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार विपरीत आर्थिक परिस्थितियों के बावजूद खिलाड़ियों की सहायता और विकास कार्यों के लिए प्रयासरत है। बिट्टू ने केंद्र सरकार द्वारा राजस्व घाटा अनुदान (आरडीजी) बंद किए जाने और आपदा प्रबंधन के लिए पर्याप्त केंद्रीय सहायता दिलाने में कथित विफलता को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि इन चुनौतियों के बावजूद प्रदेश सरकार अपने वादों को पूरा करने और विकास कार्यों को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है।