चंडीगढ़ | हरियाणा में जमीन खरीदने की योजना बना रहे लोगों के लिए बड़ी खबर है। राज्य सरकार ने 1 अगस्त से प्रदेशभर में नई कलक्टर दरें लागू करने का फैसला लिया है, जिसके चलते जमीनों के दाम में 5% से 25% तक की बढ़ोतरी तय मानी जा रही है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने मंगलवार को फाइल को हरी झंडी दे दी है। इसके साथ ही सभी तहसीलों में नई रजिस्ट्री अप्वाइंटमेंट्स को फिलहाल फ्रीज कर दिया गया है।
राजस्व विभाग के मुताबिक, अगले दो दिनों तक कोई भी नई रजिस्ट्री नहीं होगी, केवल उन्हीं रजिस्ट्रियों को मंजूरी दी जाएगी जिनके लिए पहले से अप्वाइंटमेंट बुक हो चुके हैं। जिलों के उपायुक्तों को इस संबंध में निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
बिना सार्वजनिक नोटिस के ही मंजूरी, उठा सवाल
हालांकि, विवाद इस बात पर खड़ा हो गया है कि बिना सार्वजनिक नोटिस जारी किए दरों को मंजूरी कैसे दी गई। वित्तायुक्त एवं प्रधान सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने पहले स्पष्ट किया था कि नए रेट लागू करने से पहले सूची को सार्वजनिक कर आम जनता से सुझाव और आपत्तियां लेना अनिवार्य है, लेकिन इस बार ये प्रक्रिया नजरअंदाज होती दिख रही है।
NCR में जमीन और महंगी होने के आसार
राजस्व विभाग की वैल्यू कमेटियों द्वारा भेजी गई रिपोर्टों के अनुसार, एनसीआर सहित कई जिलों में जमीन की कीमतें पहले से ही ऊंची हैं, ऐसे में वहां सबसे अधिक बढ़ोतरी की संभावना है। पिछले साल कलक्टर रेट में 12% से 32% तक की बढ़ोतरी हुई थी, जबकि इस बार 5% से 25% तक की वृद्धि प्रस्तावित है।
नई दरों के लागू होने से पहले बाजार में हलचल तेज हो गई है। रजिस्ट्री कार्य दो दिन ठप रहने से खरीदार और विक्रेता दोनों को इंतजार करना पड़ेगा।