हिसार |हरियाणा में हो रही मूसलाधार बारिश ने आम जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है, लेकिन हिसार की हालत सबसे बदतर दिखी। सिर्फ एक दिन की बारिश ने प्रशासन की तैयारियों की पोल खोल दी। शहर की सड़कों पर तीन-तीन फुट तक पानी भर गया और कॉलोनियां नहरों में तब्दील हो गईं।
कॉलोनियां बनी झील, घरों में घुसा पानी
कृष्ण नगर, कैंप चौक, मिल गेट, अर्बन एस्टेट सेक्टर 13, जवाहर नगर, महावीर स्टेडियम और शांति नगर जैसे इलाकों में जलभराव ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। पानी घरों में घुस गया, जिससे महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग सबसे ज्यादा प्रभावित हुए। दोपहिया वाहन बंद हो गए और सड़कों पर ट्रैफिक रेंगता रहा।
सीवरेज हुआ फेल, इंतजाम दिखे नाकाफी
बारिश के साथ ही शहर का सीवरेज सिस्टम भी जवाब दे गया। गलियों में पानी भरा रहा और कई स्थानों पर ओवरफ्लो से बदबूदार पानी बहता दिखा। स्थानीय प्रशासन की व्यवस्थाएं एक बार फिर सवालों के घेरे में हैं।
मौसम वैज्ञानिक की भविष्यवाणी
मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्र मोहन के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ और राजस्थान-पंजाब क्षेत्र में बने चक्रवातीय परिसंचरण के कारण हरियाणा में मानसून सक्रिय है। फिलहाल मानसून टर्फ बीकानेर से लेकर बंगाल की खाड़ी तक फैली हुई है, जिससे आगामी दिनों में बारिश का दौर जारी रहेगा।
क्या कहता है मौसम विभाग?
- 31 जुलाई: पश्चिमी, दक्षिणी और मध्य हरियाणा में हल्की से मध्यम बारिश संभव।
- 1 से 3 अगस्त: उत्तर और पूर्व हरियाणा में भारी बारिश के आसार।
- एनसीआर और दिल्ली में भी रुक-रुक कर बारिश होती रहेगी।
प्रशासन के लिए चेतावनी का वक्त
हिसार में आई बाढ़ जैसे हालात प्रशासन के दावों पर सवाल उठा रहे हैं। अगर आने वाले दिनों में बारिश का दौर जारी रहा तो हालात और बिगड़ सकते हैं। अब देखना होगा कि प्रशासन जलभराव से निपटने के लिए कितनी तेजी से और कितनी गंभीरता से कार्रवाई करता है।