Mandi, Dharamveer
मंडी ज़िले में रविवार रात से जारी मूसलधार बारिश ने आम जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। चंडीगढ़-मनाली नेशनल हाईवे जगह-जगह भूस्खलन के कारण बंद पड़ा है। पंडोह से औट तक कई स्थानों पर सड़क पर भारी मलबा जमा होने से यातायात पूरी तरह ठप हो गया है। एनएचएआई और लोक निर्माण विभाग की मशीनरी लगातार मलबा हटाने में जुटी है, लेकिन बारिश के चलते राहत कार्य में काफी दिक़्क़तें आ रही हैं।
टनलों में शरण ले रहे फंसे यात्री
हाईवे बंद होने के बाद खुले आसमान के नीचे ठहरना मुश्किल होने पर यात्रियों ने कीरतपुर-मनाली फोरलेन प्रोजेक्ट की टनलों को शरणस्थल बना लिया है। यहां हज़ारों लोग सुरक्षित रूप से ठहरे हुए हैं।
भोजन और पानी की व्यवस्था
प्रशासन, मंदिर न्यास और सामाजिक संस्थाओं ने फंसे हुए लोगों के लिए भोजन और पानी की व्यवस्था शुरू की है। हणोगी माता मंदिर, बाबा बालक नाथ मंदिर पंडोह और अन्य संस्थाओं की मदद से लगातार खाने-पीने की सामग्री पहुंचाई जा रही है। वहीं, कुछ निजी कंपनियों ने भी लंगर की व्यवस्था की है।
अन्य मार्ग भी बाधित
मंडी से कुल्लू जाने वाला कटौला मार्ग भी कन्नौज के पास बंद पड़ा है, जिसके चलते छोटे वाहनों को भी परेशानी हो रही है। इस वजह से लोग अब केवल हाईवे पर ही फंसे हुए हैं।प्रशासन का कहना है कि बारिश थमने के बाद ही मलबा हटाने का कार्य तेज़ी से हो पाएगा और यातायात बहाल करने में समय लग सकता है।