बहादुरगढ़ | हरियाणा के पूर्व विधानसभा अध्यक्ष और बेरी से कांग्रेस विधायक डॉ. रघुबीर सिंह कादयान ने IPS अधिकारी वाई. पूरन कुमार की आत्महत्या मामले की CBI जांच की मांग उठाई है। कादयान ने कहा कि यह दुखद घटना प्रशासनिक तंत्र की संवेदनहीनता को उजागर करती है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाना चाहिए, वहीं निर्दोषों को परेशान करना भी गलत है।
कादयान ने कहा कि यह हाई-प्रोफाइल मामला है और पीड़ित परिवार आईजी स्तर की जांच से संतुष्ट नहीं है। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि परिवार की इच्छा के अनुसार जांच एजेंसी तय की जाए, ताकि उन्हें न्याय मिल सके। उन्होंने सवाल उठाया कि घटना के कई दिन बीत जाने के बावजूद शव का पोस्टमॉर्टम नहीं हुआ, जो प्रशासन की लापरवाही और असंवेदनशीलता को दर्शाता है।
किसानों की फसल नुकसान पर सरकार को घेरा
कादयान ने बेरी क्षेत्र में किसानों की तबाही पर भी चिंता जताई। उन्होंने बताया कि हालिया बरसात से लगभग 16 हजार एकड़ फसल पूरी तरह बर्बाद हो चुकी है। उन्होंने सरकार से मांग की कि विशेष गिरदावरी करवाई जाए और किसानों को प्रति एकड़ 50 हजार रुपये का मुआवजा दिया जाए।
उन्होंने कहा कि खेतों में पानी भरे होने के कारण किसान अगली फसल की बुवाई भी शुरू नहीं कर पा रहे, इसलिए सरकार को तुरंत राहत कदम उठाने चाहिए।
पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ बैठक में दी रणनीति की जानकारी
डॉ. कादयान ने यह बातें गोरिया टूरिस्ट कॉम्प्लेक्स, बहादुरगढ़ में आयोजित बेरी विधानसभा क्षेत्र के बूथ एजेंटों की बैठक में कहीं। बैठक में वोटर लिस्ट वेरिफिकेशन, बीएलए-2 की नियुक्ति और राहुल गांधी के ‘वोट चोरी अभियान’ को हरियाणा में तेज करने को लेकर चर्चा हुई।