Kangra, 5 December-:इंदौरा के विधायक मलेन्द्र राजन ने विधानसभा के शीतकालीन सत्र में अपने क्षेत्र में आई भीषण बाढ़ के मुद्दे को बेहद सशक्त तरीके से उठाया। उन्होंने बताया कि वर्ष 2023 और 2024 में आई विनाशकारी बाढ़ ने इंदौरा क्षेत्र की सामान्य जीवनचर्या को बुरी तरह प्रभावित किया है। भारी मात्रा में छोड़े गए पौंग बांध के पानी के अलावा स्थानीय खड्डों का तेज बहाव शहर की ओर मुड़ने से हालात और भी भयावह हो गए। पानी अचानक घरों और दुकानों में घुस जाने से लोगों की वर्षों की मेहनत की संपत्ति पल भर में नष्ट हो गई।
विधायक राजन ने कहा कि सौभाग्य से पानी दिन के समय आया, जिससे जनहानि नहीं हुई, लेकिन इससे हुए आर्थिक नुकसान ने स्थानीय परिवारों और व्यापारियों को गहरी मुश्किल में डाल दिया है। कई परिवार आज भी टूटे घरों, क्षतिग्रस्त दुकानों और नष्ट हुए सामान के कारण संकट से जूझ रहे हैं। छोटे व्यवसायियों के लिए तो यह बाढ़ किसी बड़े आर्थिक झटके से कम नहीं रही।उन्होंने सदन को अवगत कराया कि बाढ़ का प्रभाव केवल आवासीय क्षेत्रों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि सड़कों, पुलों और बाग-बगीचों को भी व्यापक क्षति पहुंची है। कई संपर्क मार्ग टूटने के कारण लोगों को आवागमन में तकलीफें झेलनी पड़ीं। इन परिस्थितियों में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लिए राहत और पुनर्वास कार्य अत्यंत आवश्यक हैं।
मलेन्द्र राजन ने सरकार से आग्रह किया कि इंदौरा के प्रभावित परिवारों के लिए विशेष राहत पैकेज की घोषणा की जाए और क्षतिग्रस्त बुनियादी ढांचे की त्वरित मरम्मत की जाए। उन्होंने कहा कि क्षेत्र की जनता लंबे समय से ठोस कार्रवाई और मुआवजा सहायता की प्रतीक्षा कर रही है। ऐसे में सरकार को शीघ्र निर्णय लेकर लोगों को राहत प्रदान करनी चाहिए।