बठिंडा | बठिंडा में जिला पुलिस ने ‘युद्ध नशे विरुद्ध’ अभियान के तहत एक गैरकानूनी दवा फैक्ट्री को सील कर बड़ी सफलता हासिल की है। इस कार्रवाई में लाखों की मात्रा में प्रतिबंधित दवाएं और कच्चा माल बरामद किया गया है। पुलिस ने अब तक इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें तीन आपस में भाई हैं।
श्री मुक्तसर साहिब के एस.एस.पी. अभिमन्यु राणा ने बताया कि एन.डी.पी.एस. एक्ट के तहत थाना किल्लियांवाली में दर्ज मामले की जांच के दौरान यह छापा मारा गया। गिरफ्तारी में मनीष कुमार और साहिल कुमार को पकड़कर उनके कब्जे से 20 एटिजोलाम गोलियां, 80 प्रैगाबेलिन कैप्सूल और 7,26,000 रुपए मूल्य की प्रतिबंधित दवाएं बरामद की गई।
जांच में सामने आया कि कृष्ण कुमार (मंडी किल्लियांवाली) और वंश क्वात्रा (मंडी डबवाली) इस नेटवर्क से जुड़े हुए थे। दोनों आरोपियों को भी गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में यह खुलासा हुआ कि वंश क्वात्रा मंडी डबवाली में एक मेडिकल स्टोर चला रहा था और इसी के माध्यम से अवैध दवाओं की सप्लाई की जाती थी।
आगे की जांच में पता चला कि इन नशीली दवाओं की सप्लाई बठिंडा के मानसा रोड स्थित रेडिनैक्स लाइफ साइंसेज प्राइवेट लिमिटेड से हो रही थी। पुलिस ने ड्रग इंस्पैक्टरों के सहयोग से फैक्ट्री पर रेड कर 30,000 टैपेंटाडोल गोलियां समेत अन्य प्रतिबंधित दवाओं को जब्त किया।
एस.एस.पी. अभिमन्यु राणा ने कहा कि यह कार्रवाई लोगों की सुरक्षा और स्वास्थ्य सुनिश्चित करने के लिए की गई है। उन्होंने सभी नागरिकों से अपील की है कि संदिग्ध दवाओं की जानकारी तुरंत पुलिस को दें। यह छापा बठिंडा में दवा तस्करी और नशीली दवाओं के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस की सख्त कार्रवाई का एक उदाहरण है।