Summer express/शिमला, संजू -:मशोबरा पंचायत समिति में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के निर्विरोध चुने जाने के बाद गुरुवार को पंचायत समिति का प्रतिनिधिमंडल सचिवालय में पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह से मिला। इस दौरान मंत्री ने नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों को बधाई दी और दावा किया कि मशोबरा में कांग्रेस की एकजुटता ने विपक्ष की रणनीति को विफल कर दिया। साथ ही उन्होंने विश्वास जताया कि शिमला जिला परिषद में भी कांग्रेस ही अपना बोर्ड बनाएगी।
पंचायती राज एवं ग्रामीण विकास मंत्री अनिरुद्ध सिंह ने कहा कि मशोबरा पंचायत समिति में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष का निर्विरोध निर्वाचन कांग्रेस की संगठनात्मक मजबूती और जनप्रतिनिधियों की आपसी सहमति का परिणाम है। उन्होंने बताया कि महिला और पुरुष सदस्यों ने आपसी सहमति से ढाई-ढाई वर्ष के कार्यकाल का फैसला लिया है, जिससे क्षेत्र के संतुलित विकास को बढ़ावा मिलेगा।मंत्री ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि पंचायत समिति चुनाव में सदस्यों को विभिन्न पदों का प्रलोभन देकर प्रभावित करने की कोशिश की गई, लेकिन कांग्रेस के सभी सदस्य एकजुट रहे और विपक्ष की रणनीति सफल नहीं हो सकी।अनिरुद्ध सिंह ने कहा कि प्रदेश में पहले भी जनप्रतिनिधियों को तोड़ने की कोशिशें हुईं, लेकिन लालच की राजनीति लंबे समय तक नहीं चलती। उन्होंने कहा कि राजनीतिक दलों और जनप्रतिनिधियों को लोकतांत्रिक मूल्यों को प्राथमिकता देनी चाहिए।उन्होंने आगामी शिमला जिला परिषद अध्यक्ष और उपाध्यक्ष चुनाव को लेकर भी भरोसा जताया कि कांग्रेस बहुमत के आधार पर लोकतांत्रिक तरीके से अपना बोर्ड बनाएगी। उन्होंने कहा कि अधिसूचना जारी होने के बाद चुनाव प्रक्रिया पूरी होगी और कांग्रेस जिला परिषद में भी अपना नेतृत्व स्थापित करेगी।इस दौरान मंत्री ने केंद्र सरकार की ग्रामीण रोजगार योजनाओं और मजदूरी दरों का भी मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के लगातार प्रयासों के बाद ही हिमाचल के लिए मजदूरी दर बढ़ाई गई, जिससे प्रदेश के श्रमिकों को लाभ मिलेगा।