Summer express/शिमला, संजू-:भाजपा विधायक सुधीर शर्मा से आय से अधिक संपत्ति के मामले में शुक्रवार को विजिलेंस मुख्यालय में करीब दो घंटे तक पूछताछ हुई। विजिलेंस अधिकारियों ने मामले से जुड़े विभिन्न पहलुओं को लेकर सुधीर शर्मा से सवाल किए। पूछताछ के दौरान भाजपा के करीब एक दर्जन विधायक भी विजिलेंस मुख्यालय में मौजूद रहे।सुधीर शर्मा के विजिलेंस मुख्यालय पहुंचने की सूचना के बाद भाजपा विधायक विपिन सिंह परमार और सतपाल सिंह सत्ती समेत कई विधायक वहां पहुंचे। इनमें बलबीर वर्मा, डॉ. जनक राज, इंद्रदत्त लखनपाल, राकेश जम्वाल और त्रिलोक जम्वाल के अलावा विधायक लोकेंद्र कुमार, दीप राज, आशीष शर्मा और पूर्ण चंद ठाकुर भी शामिल रहे। सभी विधायक पूछताछ पूरी होने तक मुख्यालय में मौजूद रहे।
पूछताछ के बाद मीडिया से बातचीत में सुधीर शर्मा ने सरकार पर राजनीतिक दबाव बनाने और विपक्ष की आवाज दबाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विधानसभा सत्र के दौरान किसी सिटिंग विधायक को पूछताछ के लिए बुलाया जाना उन्होंने पहली बार देखा है। उनका दावा है कि ऐसी कार्रवाई से पहले विधानसभा को सूचना देना आवश्यक है और पिछली तारीख में विधानसभा को इसकी जानकारी दी गई थी।सुधीर शर्मा ने यह भी सवाल उठाया कि जब मामला और जांच अधिकारी धर्मशाला में मौजूद हैं, तो उन्हें पूछताछ के लिए विजिलेंस मुख्यालय क्यों बुलाया गया। उन्होंने कहा कि इस संबंध में उन्हें कोई जानकारी नहीं दी गई। सुधीर शर्मा के अनुसार, उन्होंने जांच एजेंसी द्वारा पूछे गए सभी सवालों के जवाब पहले भी दिए हैं और अब भी जांच में पूरा सहयोग किया है।भाजपा विधायक ने जांच प्रक्रिया को लेकर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने आरोप लगाया कि मामले में निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं किया जा रहा है। सुधीर शर्मा ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को लगता है कि संवैधानिक पद पर बैठा हर व्यक्ति लूट-खसूट करता है।सुधीर शर्मा ने कहा कि सरकार की यह कार्रवाई ज्यादा देर तक नहीं चलेगी और जनता समय आने पर इन सभी मुद्दों का जवाब देगी। उन्होंने दोहराया कि वह जांच एजेंसी के सवालों का जवाब देने के लिए तैयार हैं, लेकिन जांच में प्रक्रिया का पालन होना चाहिए।