Summer express , यमुनानगर। हथिनीकुंड बैराज पर सैन्य अभ्यास के दौरान यमुना नदी के तेज बहाव में लापता हुए भारतीय सेना के दोनों जवानों के पार्थिव शरीर बरामद कर लिए गए हैं। हादसे के बाद सेना, पुलिस और राहत-बचाव एजेंसियों की ओर से बड़े स्तर पर सर्च ऑपरेशन चलाया गया। इसी अभियान के दौरान एक जवान का शव देर रात उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले में बरथा गांव के पास यमुना नदी से बरामद हुआ, जबकि दूसरे जवान का शव भी तलाश लिया गया है।
जानकारी के अनुसार, मंगलवार शाम हथिनीकुंड बैराज के अपस्ट्रीम क्षेत्र में पैरा स्पेशल फोर्स के जवान वाटरमैनशिप और बाढ़ राहत-बचाव का नियमित अभ्यास कर रहे थे। इसी दौरान जवान हेलीकॉप्टर से यमुना नदी में मौजूद एक मोटर बोट पर उतरे। बताया गया कि डेंजर जोन के पास पहुंचने के दौरान मोटर बोट में अचानक तकनीकी खराबी आ गई और उसका इंजन बंद हो गया। नदी की तेज धारा के कारण बोट अपना संतुलन खो बैठी और पलट गई। इसके बाद उसमें सवार जवान नदी में गिर गए।
हादसे के तुरंत बाद तीन जवान लाइफ जैकेट की मदद से करीब 600 मीटर तक तैरते हुए पश्चिमी यमुना नहर के गेट तक पहुंचे और सुरक्षित बाहर निकल आए। वहीं दो जवान यमुना के बेहद तेज बहाव में बह गए और लापता हो गए थे।
दोनों जवानों की तलाश के लिए सेना के वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में व्यापक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया। एयरफोर्स, हरियाणा पुलिस, उत्तर प्रदेश पुलिस, एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की संयुक्त टीमों ने अभियान में हिस्सा लिया। नदी के आसपास के बड़े क्षेत्र में हेलीकॉप्टर के जरिए हवाई निगरानी की गई, जबकि गोताखोरों की टीमें लगातार नदी में तलाशी अभियान चलाती रहीं।
कई घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद पहले जवान का शव सहारनपुर के बरथा गांव के पास मिला। इसके बाद दूसरे जवान का शव भी बरामद कर लिया गया। हादसे के बाद सैन्य और प्रशासनिक अधिकारियों की ओर से पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटाई जा रही है।