चरखी दादरी | कांग्रेस हाईकमान ने देर शाम प्रदेश के 32 जिलाध्यक्षों की सूची जारी करते हुए चरखी दादरी जिले की कमान सुशील धानक को सौंपी है। एससी समाज से ताल्लुक रखने वाले और सैलजा गुट के करीबी सुशील धानक लंबे समय से कांग्रेस संगठन में सक्रिय हैं। वह एससी मोर्चा में जिला और प्रदेश स्तर के कई पद संभाल चुके हैं और भारत जोड़ो यात्रा में 150 दिन तक शामिल रहे।
जिलाध्यक्ष पद के लिए दादरी और बाढड़ा विधानसभा क्षेत्रों से 42 कांग्रेसियों ने आवेदन किया था। केंद्रीय पर्यवेक्षक रीटा चौधरी ने सभी आवेदकों और कार्यकर्ताओं से बैठक की थी। अधिकतर दावेदार हुड्डा गुट से जुड़े थे, लेकिन अंतिम फैसला सैलजा गुट के पक्ष में गया।
53 वर्षीय धानक 1991 में ब्लॉक सचिव से अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत कर चुके हैं। इसके बाद उन्होंने युवा कांग्रेस जिला महासचिव, प्रदेश सचिव, संयोजक और अध्यक्ष जैसे कई पदों पर काम किया। हाल ही में वे बिहार चुनाव के ऑब्जर्वर भी बनाए गए हैं।
धानक ने बताया कि वे भारत जोड़ो यात्रा के दौरान कन्याकुमारी से कश्मीर तक पूरी दूरी तय करने वाले धानक समाज के अकेले व्यक्ति थे। हालांकि उन्होंने खुद कोई चुनाव नहीं लड़ा, लेकिन उनकी मां चंद्रमुखी गांव साहुवास की सरपंच रह चुकी हैं।
इसके साथ ही कांग्रेस ने भिवानी ग्रामीण जिलाध्यक्ष की जिम्मेदारी अनिरुद्ध चौधरी को सौंपी है, जो पूर्व मुख्यमंत्री बंसीलाल के पौत्र और रणबीर सिंह महेंद्र के बेटे हैं। उनके नियुक्त होते ही भिवानी और दादरी दोनों जिलों में समर्थकों में उत्साह का माहौल है।