चंडीगढ़ | हरियाणा सरकार ने महिलाओं की उद्यमशीलता को प्रोत्साहित करने के लिए बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने स्टार्टअप्स में महिलाओं की भागीदारी को वर्तमान 50 प्रतिशत से बढ़ाकर 60 प्रतिशत करने का लक्ष्य रखा है।
सीएम ने हाल ही में इनक्यूबेटर योजनाओं की समीक्षा बैठक में कहा कि इस लक्ष्य को जल्द प्राप्त करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने निर्देश दिए कि युवाओं में उद्यमिता की भावना को बढ़ावा देने और नए उद्यमियों के सृजन को प्रोत्साहित करने के लिए सभी जिलों में उद्यमिता एवं संकाय विकास कार्यक्रम चलाए जाएं।
सीएम सैनी ने कहा कि उद्यमशीलता पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करना और अधिक से अधिक युवाओं को नवाचार-संचालित उद्यम अपनाने के लिए प्रेरित करना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने सभी जिलों में स्टार्टअप नीति के तहत बनाए जा रहे अवसरों का अधिक से अधिक लाभ उठाने पर जोर दिया।
बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि देश के 117 यूनिकॉर्न स्टार्टअप्स में से 19 हरियाणा से हैं, जो राज्य की बढ़ती उद्यमशीलता शक्ति को दर्शाता है। सरकार ने नए इनक्यूबेशन सेंटर्स की स्थापना के लिए मंजूरी दे दी है, जिनकी नोटिफिकेशन जल्द जारी की जाएगी। ये केंद्र स्टार्टअप्स को विभिन्न योजनाओं और पहलों के माध्यम से सहायता प्रदान करेंगे।
हरियाणा ने पहले ही एक सक्रिय इनक्यूबेटर पारिस्थितिकी तंत्र विकसित किया है, जो कृषि प्रौद्योगिकी, आईटी, आईओटी और विनिर्माण जैसे क्षेत्रों में नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा देता है। सरकार की योजना है कि इस पहल से महिलाओं और युवाओं के लिए स्टार्टअप क्षेत्र में नए अवसर पैदा होंगे।