Shimla, Sanju
केंद्र सरकार से आपदा राहत को लेकर चल रही बयानबाजी के बीच प्रदेश के उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने कहा है कि हिमाचल को किसी प्रकार की विशेष आर्थिक मदद नहीं मिली है। उन्होंने स्पष्ट किया कि केंद्र से जो राशि मिली है, वह हर राज्य को आपदा राहत एवं बचाव कार्यों के लिए निर्धारित नियमों के तहत दी जाती है, इसे किसी प्रकार की खैरात कहना गलत है।
हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि 2023 में प्रदेश को 10 हजार करोड़ और 2025 में 5 हजार करोड़ रुपए का नुकसान हुआ है। इसके मुकाबले हिमाचल को पिछले पांच वर्षों में एनडीआरएफ, एसडीआरएफ सहित विभिन्न माध्यमों से केवल 4253 करोड़ रुपए मिले हैं। उन्होंने कहा कि ऐसी परिस्थितियों में हिमाचल को विशेष आर्थिक पैकेज मिलना चाहिए था, लेकिन केंद्र ने ऐसा नहीं किया।
उद्योग मंत्री ने कहा कि विकट हालात में भी प्रदेश सरकार ने आपदा राहत मैनुअल में बदलाव कर प्रभावितों को राहत पहुंचाई है। उन्होंने भाजपा और पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर पर निशाना साधते हुए कहा कि वे केंद्र सरकार की मदद का बढ़ा-चढ़ाकर गुणगान कर रहे हैं, जैसे प्रदेश में पैसों की नदियां बहा दी गई हों।उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जयराम ठाकुर प्रदेश स्तर के नेता नहीं, बल्कि केवल सिराज विधानसभा तक सीमित नेता हैं। दिल्ली जाकर वे अपने क्षेत्र के लिए विशेष प्रोजेक्ट की मांग करते हैं, जबकि पूरे हिमाचल की बात उन्हें उठानी चाहिए थी।