नई दिल्ली । एशियाई बाजारों से मिले-जुले संकेतों के बीच भारतीय शेयर बाजार ने गुरुवार को हल्की गिरावट के साथ ट्रेडिंग की शुरुआत की, लेकिन शुरुआती कमजोरी के बाद बाजार ने रफ्तार पकड़ ली। ऑटो और आईटी शेयरों में बढ़ी खरीदारी से सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही हरे निशान में लौट आए।
सेंसेक्स–निफ्टी में रिकवरी, शुरुआती उतार-चढ़ाव के बाद बाजार संभला
- बीएसई सेंसेक्स 84,987 पर कमजोर खुले के बाद मजबूत हुआ और खबर लिखे जाने तक 352.79 अंक (0.41%) की बढ़त के साथ 85,459.60 पर ट्रेड कर रहा था।
- एनएसई निफ्टी 50 25,981 पर गिरावट के साथ खुला, और बाद में 109.20 अंकों (0.42%) के उछाल के साथ 26,095.20 पर पहुंच गया।
मार्केट में शुरुआती उतार-चढ़ाव के बावजूद प्रमुख सेक्टर्स में खरीदारी बनी रही, जिससे बाजार को सहारा मिला।
एफआईआई की भारी बिकवाली, DIIs ने संभाला बाजार
- विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FPI/FII) ने बुधवार को 3,207 करोड़ रुपये के शेयर बेचे।
- पिछले 5 सेशंस में एफआईआई कुल ₹13,071.4 करोड़ की बिकवाली कर चुके हैं।
- दूसरी ओर, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने बुधवार को ₹4,730.4 करोड़ की खरीदारी कर बाजार को स्थिरता दी।
रुपया ऑल-टाइम लो पर, डॉलर के मुकाबले 90.41 पर पहुंचा
रुपया गुरुवार को 22 पैसे की कमजोरी के साथ 90.41 प्रति डॉलर के सर्वकालिक निचले स्तर पर खुला।
गिरावट के प्रमुख कारण—
- लगातार विदेशी पूंजी निकासी
- अमेरिका के साथ व्यापार समझौते को लेकर अनिश्चितता
- डॉलर की बढ़ी मांग
- आरबीआई का सीमित बाजार हस्तक्षेप
रुपया इस साल डॉलर के मुकाबले 5% से अधिक फिसल चुका है, और एशिया की सबसे कमजोर मुद्राओं में शामिल हो गया है। ध्यान देने योग्य है कि 80 से 90 प्रति डॉलर तक पहुंचने में रुपए को सिर्फ 773 ट्रेडिंग सेशन लगे।
ग्लोबल मार्केट्स में मिलाजुला रुख
अमेरिकी रोजगार आंकड़ों के कारण वॉल स्ट्रीट में आई तेजी का असर एशियाई बाजारों में भी दिखा, हालांकि अधिकांश सूचकांकों में मिश्रित रुझान रहा।
- नikkei 225 में 0.3% की बढ़त
- Topix 0.33% ऊपर
- Kospi 0.45% नीचे
- Kosdaq 0.12% की बढ़त
अमेरिकी बाजार बुधवार को सकारात्मक बंद हुए:
- डॉव जोन्स 0.86% ऊपर
- S&P 500 0.30% बढ़ा
- नैस्डैक 0.17% चढ़ा
बेहतर जॉब डेटा से उम्मीद बढ़ी है कि फेड 9–10 दिसंबर की बैठक में ब्याज दरों में कटौती कर सकता है, जिसकी संभावना 89% तक बताई जा रही है।