चंडीगढ़। चंडीगढ़ में हाल ही में हुए भवन ढहने के मामले में जांच को लेकर नया विवाद सामने आया है। हादसे में जान गंवाने वाले व्यक्ति के परिजनों ने भवन मालिक पर सबूत मिटाने की कोशिश करने का आरोप लगाया है।
परिवार का कहना है कि यदि मलबा समय से पहले हटाया गया तो दुर्घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाने में कठिनाई हो सकती है। इसी आधार पर उन्होंने प्रशासन से पूरे घटनास्थल को तत्काल सील करने और स्वतंत्र तकनीकी जांच पूरी होने तक यथास्थिति बनाए रखने की मांग की है।
परिजनों का आरोप है कि हादसे के बाद घटनास्थल पर गतिविधियां जारी रहीं, जिससे महत्वपूर्ण साक्ष्य प्रभावित होने की आशंका है। उनका कहना है कि भवन की संरचना, निर्माण सामग्री और मलबे की स्थिति की वैज्ञानिक जांच के बाद ही किसी भी प्रकार की सफाई या हटाने का कार्य किया जाना चाहिए। उन्होंने दोष तय होने तक जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की भी मांग की है। दूसरी ओर, प्रशासन और जांच एजेंसियों का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है। अधिकारियों के अनुसार घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र करने की प्रक्रिया निर्धारित नियमों के अनुरूप चल रही है और यदि आवश्यकता पड़ी तो विशेषज्ञों की मदद से संरचनात्मक परीक्षण भी कराया जाएगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जांच प्रभावित न हो, इसका पूरा ध्यान रखा जाएगा।