Summer express, मुंबई। सप्ताह के पहले कारोबारी दिन घरेलू शेयर बाजार दबाव में नजर आए। पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल का असर भारतीय बाजार पर भी देखने को मिला। सोमवार को कारोबार की शुरुआत भारी गिरावट के साथ हुई और शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स व निफ्टी दोनों लाल निशान में कारोबार करते रहे।
बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 606.04 अंकों की गिरावट के साथ 76,963.35 पर खुला। कारोबार आगे बढ़ने के साथ कुछ रिकवरी जरूर देखने को मिली, लेकिन खबर लिखे जाने तक सेंसेक्स 324.15 अंक टूटकर 77,245.24 के स्तर पर कारोबार कर रहा था।
वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी-50 भी 167.50 अंकों की गिरावट के साथ 24,039.40 पर खुला। बाद में इसमें कुछ सुधार आया, लेकिन यह 108.60 अंक फिसलकर 24,098.30 के स्तर पर कारोबार करता रहा।
पश्चिम एशिया के तनाव का बाजार पर असर
विशेषज्ञों के अनुसार, अमेरिका और ईरान के बीच बढ़े सैन्य तनाव ने वैश्विक निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। हालिया घटनाक्रम के बाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी आई है, जिसका असर एशियाई शेयर बाजारों के साथ भारतीय बाजार पर भी पड़ा। निवेशकों ने जोखिम कम करने के लिए बिकवाली का रुख अपनाया।
अधिकांश सेक्टर में रही बिकवाली
सोमवार के कारोबार में मीडिया सेक्टर को छोड़कर लगभग सभी प्रमुख सेक्टर दबाव में रहे। बैंकिंग, वित्तीय सेवाएं, ऑटो, एफएमसीजी, धातु, रियल एस्टेट, कंज्यूमर ड्यूरेबल्स और केमिकल सेक्टर के शेयरों में सबसे अधिक गिरावट दर्ज की गई। आईटी सेक्टर ने शुरुआत में बढ़त दिखाई, लेकिन बाद में यह भी लाल निशान में आ गया।
इन शेयरों में सबसे ज्यादा दबाव
सेंसेक्स की प्रमुख कंपनियों में टाटा स्टील और इंडिगो के शेयर करीब दो प्रतिशत तक टूट गए। इसके अलावा एशियन पेंट्स, मारुति सुजुकी, एचडीएफसी बैंक, इटरनल, बजाज फिनसर्व, बजाज फाइनेंस, एलएंडटी, बीईएल और अल्ट्राटेक सीमेंट के शेयरों में भी एक प्रतिशत से अधिक की गिरावट दर्ज की गई।
हालांकि, गिरावट भरे बाजार में टीसीएस, एनटीपीसी, एचसीएल टेक्नोलॉजीज और पावरग्रिड के शेयर बढ़त के साथ कारोबार करते नजर आए। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक घटनाक्रम, कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और विदेशी निवेशकों की गतिविधियां आने वाले कारोबारी सत्रों में बाजार की दिशा तय करेंगी।