Summer express/हमीरपुर, अरविंद-: लोगों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ रोकने और खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता एवं स्वच्छता बनाए रखने के उद्देश्य से खाद्य सुरक्षा विभाग हमीरपुर की ओर से खाद्य कारोबारियों के लिए विशेष जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। शहर के एक निजी होटल में आयोजित इस शिविर की अध्यक्षता जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. अभिषेक ठाकुर ने की।शिविर में खाद्य पदार्थ तैयार करने और विशेष रूप से तलने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले तेल को लेकर दुकानदारों को महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। विभाग की ओर से बताया गया कि एक ही तेल को बार-बार तेज तापमान पर गर्म करने से उसकी गुणवत्ता प्रभावित होती है और इसका लगातार सेवन स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक हो सकता है। दुकानदारों को सलाह दी गई कि इस्तेमाल किए जा रहे तेल को अधिकतम तीन बार तक ही तलने के लिए प्रयोग करें। इसके बाद बचे हुए तेल को खाद्य पदार्थ बनाने में इस्तेमाल न किया जाए।
अधिकारियों ने दुकानदारों से यह भी अपील की कि खराब या इस्तेमाल किए जा चुके तेल को न तो दोबारा खाद्य पदार्थों में प्रयोग करें और न ही उसे नालियों में बहाएं। विभाग की व्यवस्था के तहत ऐसे तेल को एकत्र किया जाएगा और आगे बायोडीजल बनाने में इसका उपयोग किया जा सकेगा। खाद्य सुरक्षा विभाग इस्तेमाल किए गए तेल को 30 रुपये प्रति लीटर की दर से एकत्र करने की व्यवस्था करेगा। इससे तेल के उचित निस्तारण के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण और वैकल्पिक ईंधन के उत्पादन को भी बढ़ावा मिलेगा।जागरूकता शिविर के दौरान खाद्य कारोबारियों को खाद्य सुरक्षा कानून के तहत निर्धारित अन्य नियमों, स्वच्छता मानकों और आवश्यक सावधानियों की भी जानकारी दी गई। विभाग ने स्पष्ट किया कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता सीधे तौर पर उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकता है।डॉ. अभिषेक ठाकुर ने कहा कि विभाग की ओर से खाद्य कारोबारियों को नियमों के प्रति जागरूक करने के लिए विशेष शिविर आयोजित किया गया है। उन्होंने बताया कि बार-बार इस्तेमाल किए जा रहे तेल को लेकर भी दुकानदारों को विस्तार से जानकारी दी गई है। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित खाद्य कारोबारी के खिलाफ खाद्य सुरक्षा कानून के तहत कार्रवाई, जुर्माने और सजा का प्रावधान है।