{अजीजपुर में एरोट्रोपोलिस एक्सटेंशन की तैयारी, रिहायशी, कॉमर्शियल और इंस्टीट्यूशनल साइटें विकसित होंगी
समर न्यूज | मोहाली
चंडीगढ़ के शहीद भगत सिंह इंटरनेशनल एयरपोर्ट के नजदीक अब नई टाउनशिप विकसित होने जा रही है। ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (गमाडा) ने मोहाली एरोट्रोपोलिस एक्सटेंशन टाउनशिप की तैयारी शुरू कर दी है। इसके लिए गांव अजीजपुर की 186.5979 एकड़ जमीन अधिग्रहित करने की अधिसूचना जारी कर दी गई है। अधिसूचना जारी होने के साथ ही संबंधित क्षेत्र में जमीन की खरीद-बिक्री पर रोक लग गई है।
अब गमाडा की ओर से जमीन का सर्वे और परियोजना से जुड़े अन्य जरूरी कार्य शुरू किए जाएंगे। सरकार ने मोहाली के अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर (जनरल) को इस परियोजना का प्रशासक नियुक्त किया है।
गमाडा इस क्षेत्र में मिक्स्ड लैंड यूज स्कीम विकसित करने की तैयारी में है। इसके तहत रिहायशी, कॉमर्शियल और इंस्टीट्यूशनल साइटें विकसित की जाएंगी। यानी भविष्य में यहां कोठियां, दुकानें, मॉल, कार्यालय और शिक्षण या अन्य संस्थान विकसित किए जा सकेंगे। परियोजना को लेकर सोशल असेसमेंट सर्वे भी कराया जा चुका है। परियोजना में गमाडा की ओर से सड़क, बिजली, पानी, सीवरेज और पार्क जैसी बुनियादी सुविधाएं विकसित की जाएंगी। भविष्य में प्लॉटों का आवंटन गमाडा की योजना के अनुसार ड्रॉ के माध्यम से किए जाने की संभावना है। सरकारी एजेंसी की ओर से विकसित किए जाने के कारण खरीदारों को नियोजित विकास और बुनियादी सुविधाएं मिलने की उम्मीद है।
एरोट्रोपोलिस एक्सटेंशन की सबसे बड़ी खासियत इसकी लोकेशन होगी। यह शहीद भगत सिंह इंटरनेशनल एयरपोर्ट के बिल्कुल नजदीक है। क्षेत्र जीरकपुर-पटियाला/बनूड़ हाईवे (पीआर-7) और एयरपोर्ट रोड से जुड़ा है। योजना में 164 फीट चौड़ी मुख्य सड़कों का प्रावधान किए जाने की तैयारी है। रिंग रोड भी इसके आसपास से गुजरता है। इससे चंडीगढ़, मोहाली, जीरकपुर और अन्य शहरों से कनेक्टिविटी बेहतर होने की उम्मीद है। दिल्ली, अंबाला और हिमाचल की ओर जाने वाले लोगों के लिए भी यह क्षेत्र सुविधाजनक साबित हो सकता है।
फरवरी 2026 में गमाडा ने बनूड़ रोड के दोनों ओर करीब 2,490 एकड़ के एक अन्य विस्तार को मंजूरी दी थी। इससे एयरपोर्ट के आसपास का क्षेत्र बड़े लॉजिस्टिक और रेजिडेंशियल हब के रूप में विकसित होने की उम्मीद है। मौजूदा परियोजना की प्लानिंग अभी जारी है। हालांकि, प्रस्तावित योजना में 100, 150, 200, 300, 400 और 500 वर्ग गज के प्लॉट रखे जाने की संभावना जताई जा रही है। जमीन की कीमत करीब 50 हजार रुपये प्रति वर्ग गज तक मानी जा रही है। इस हिसाब से 100 वर्ग गज के प्लॉट की कीमत करीब 50 लाख रुपये तक हो सकती है। अंतिम कीमत और प्लॉट साइज गमाडा की योजना जारी होने के बाद ही स्पष्ट होंगे।