नई दिल्ली | राजधानी दिल्ली में डेंगू के बढ़ते मामलों को देखते हुए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने एक आपातकालीन बैठक बुलाई है। इस बैठक में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया जैसी बीमारियों की रोकथाम को लेकर रणनीति पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने फॉगिंग अभियान तुरंत शुरू करने और जरूरी संसाधनों की कोई कमी न होने के निर्देश दिए हैं।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, अब तक करीब 5 लाख घरों में फॉगिंग की जा चुकी है, जबकि 71 हजार घरों में मच्छर के लार्वा पाए गए जिन्हें नष्ट कर दिया गया है। इसके अलावा, बायोलॉजिकल कंट्रोल के तहत 279 जगहों पर लार्वीवोरस मछलियां छोड़ी गई हैं ताकि मच्छरों की आबादी को रोका जा सके।
रेखा गुप्ता ने अधिकारियों से कहा है कि चालान काटने से पहले कम से कम दो बार चेतावनी दी जाए, ताकि जनता में भय नहीं बल्कि सहयोग का माहौल बने। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनभागीदारी के बिना डेंगू को हराना संभव नहीं है।
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक, 16 जुलाई 2025 तक दिल्ली में डेंगू के 246 केस सामने आ चुके हैं। लगातार हो रही बारिश और नमी भरा मौसम मच्छरों के प्रजनन को बढ़ावा दे रहा है, जिससे खतरा और बढ़ गया है।
सरकार ने अस्पतालों को भी अलर्ट पर रखा है और डेंगू मरीजों के इलाज के लिए पूरी तैयारी के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही जल्द ही रक्तदाताओं की सूची वाला ऐप भी लॉन्च किया जाएगा, जिससे जरूरतमंदों को समय पर खून मिल सके।