summer express, नई दिल्ली। हरियाणा से डोनर हार्ट को महज 63 मिनट में दिल्ली के फोर्टिस अस्पताल, शालीमार बाग पहुंचाकर 47 वर्षीय मरीज का सफल हृदय प्रत्यारोपण किया गया। मरीज लंबे समय से गंभीर हार्ट फेल्योर से जूझ रहा था और उसकी हालत चिंताजनक बनी हुई थी। ऐसे में समय पर हृदय को अस्पताल तक पहुंचाना प्रत्यारोपण की सफलता के लिए बेहद जरूरी था। इसके लिए हरियाणा से दिल्ली तक ग्रीन कॉरिडोर बनाया गया, जिसकी मदद से डोनर हार्ट को निर्धारित समय में अस्पताल पहुंचाया गया।
अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, यह उत्तर और पश्चिमी दिल्ली में किया गया पहला सफल हृदय प्रत्यारोपण है। इस उपलब्धि में ग्रीन कॉरिडोर की अहम भूमिका रही, क्योंकि हृदय प्रत्यारोपण के दौरान समय का विशेष महत्व होता है। डोनर हार्ट को तेजी से अस्पताल पहुंचाने से डॉक्टरों को प्रत्यारोपण की प्रक्रिया समय पर पूरी करने में मदद मिली।
मरीज के उपचार और प्रत्यारोपण की पूरी प्रक्रिया का नेतृत्व फोर्टिस अस्पताल के कार्डियोथोरेसिक एवं वैस्कुलर सर्जरी विभाग के वरिष्ठ निदेशक एवं विभागाध्यक्ष डॉ. दिनेश कुमार मित्तल ने किया। अस्पताल की टीम ने समन्वय के साथ इस जटिल चिकित्सा प्रक्रिया को सफलतापूर्वक अंजाम दिया।
इस उपलब्धि में अस्पताल के वरिष्ठ उपाध्यक्ष एवं क्षेत्रीय निदेशक (ऑपरेशंस) महिपाल भनोट और उपाध्यक्ष एवं फैसिलिटी निदेशक नवीन शर्मा भी शामिल रहे। महज 63 मिनट में हरियाणा से दिल्ली तक डोनर हार्ट पहुंचाने और सफल प्रत्यारोपण की इस घटना को चिकित्सा क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।