मैनपाल | पंचकूला : श्री रघुनाथ ड्रामेटिक क्लब सेक्टर 15 व श्रीराम सेवादार ट्रस्ट पंचकूला द्वारा आयोजित रामलीला में लक्ष्मण द्वारा शूर्पणखा की नाक काटने और राम द्वारा खर-दूषण वध का मंचन हुआ। दर्शकों ने उत्साहपूर्वक जयकारे लगाए और भीड़ लगातार बढ़ रही हैं। क्लब के प्रधान संजीव मनचंदा ,मेम्बर एम आर गोयल व श्री राम सेवादार ट्रस्ट से मुकेश बंसल, राकेश गोयल ने बताया की मंचन के दौरान, जब भगवान श्रीराम, लक्ष्मण और सीता पंचवटी में निवास कर रहे थे, तब रावण की बहन शूर्पणखा वहां पहुंची। दोनों राजकुमारों को देखकर वह उन पर मोहित हो गई और उनसे विवाह का प्रस्ताव रखा।श्रीराम और लक्ष्मण द्वारा विवाह प्रस्ताव ठुकराए जाने पर शूर्पणखा क्रोधित हो गई और उसने सीता पर हमला करने का प्रयास किया। महासचिव आकाश शर्मा व राज मित्तल ने आगे बताया की तब श्रीराम के संकेत पर लक्ष्मण ने शूर्पणखा के नाक और कान काट दिए। शूर्पणखा अपनी कटी नाक लेकर भाई खर और दूषण के पास पहुंचती है। खर जिसमें एक हजार हाथियों का बल था। वह भाई दूषण और सेना के साथ राम-लक्ष्मण से युद्ध करने निकल पड़ता है। वहां इनका आपस में भयंकर युद्ध होता है। अंत में दोनों भाइयों की मौत हो जाती है। अपमानित और क्रोधित शूर्पणखा लंकापति रावण के दरबार में पहुंची और उसे पूरी घटना बताई। अपनी बहन की दुर्दशा सुनकर रावण आक्रोशित हो उठता हैं और सारूपनाखा को विश्वास दिलवाता हैं की उसकी जाति नाक का बदला दुश्मनों की नाक काट कर ही लिया जाएगा।