नई दिल्ली | अमेरिका जाने की तैयारी कर रहे भारतीयों को अब जेब पर ज्यादा बोझ झेलना पड़ेगा। अमेरिकी सरकार ने नॉन-इमिग्रेंट वीजा पर एक नई वीजा इंटीग्रिटी फीस जोड़ दी है, जिससे वीजा की कुल लागत में भारी इजाफा हुआ है। अब 185 डॉलर की मौजूदा फीस के अलावा 250 डॉलर (करीब ₹21,500) का अतिरिक्त शुल्क देना होगा। यह नियम नए वित्तीय वर्ष से लागू होगा।
अब कुल वीजा फीस 435 डॉलर तक
यह बढ़ोतरी “वन बिग ब्यूटीफुल एक्ट” के तहत की गई है। नए कानून के मुताबिक, वीजा नियमों के उल्लंघन को रोकने और आवेदकों की निगरानी बढ़ाने के लिए यह अतिरिक्त फीस अनिवार्य की गई है। यानी अब कुल वीजा फीस 435 डॉलर (लगभग ₹37,500) हो जाएगी।
अच्छी खबर: नियमों का पालन करने वालों को मिलेगी फीस वापसी
जो आवेदक अमेरिका में तय समय तक रुककर सभी नियमों का पालन करेंगे, उन्हें यह 250 डॉलर की अतिरिक्त राशि वापसी के रूप में मिल सकती है। यानी ईमानदार यात्रियों के लिए यह फैसला नुकसानदेह नहीं होगा।
किन वीजा श्रेणियों पर लागू होगा नया नियम?
यह बदलाव केवल नॉन-इमिग्रेंट वीजा पर लागू होगा। इनमें शामिल हैं:
- B-1/B-2 वीजा (पर्यटन, व्यापार, मेडिकल ट्रीटमेंट)
- F-1 वीजा (विदेश में पढ़ाई)
- H-1B वीजा (कामकाज)
- J-1 वीजा (एक्सचेंज प्रोग्राम)
- H-2A/H-2B वीजा (कृषि/अन्य अस्थायी श्रमिक)
इमिग्रेंट वीजा (स्थायी निवास के इच्छुक लोगों के लिए) पर यह शुल्क नहीं लगेगा।
भारतीय छात्रों और प्रोफेशनल्स पर असर
इस बदलाव का सीधा असर उन भारतीयों पर पड़ेगा जो अमेरिका में पढ़ाई या नौकरी के लिए जाना चाहते हैं। खासतौर पर मध्यमवर्गीय छात्र और छोटे व्यवसायी इस अतिरिक्त आर्थिक बोझ को लेकर चिंतित हो सकते हैं।
वीजा कैसे अप्लाई करें?
भारतीय नागरिक अमेरिकी वीजा के लिए यूएस एम्बेसी की वेबसाइट पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। वीजा स्टेटस जानने के लिए यहां क्लिक करें। किसी भी सवाल के लिए support-india@usvisascheduling.com पर संपर्क किया जा सकता है।