जींद | जींद जिले के एंचरा गांव निवासी और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वांछित गैंगस्टर रणदीप मलिक को अमेरिका में गिरफ्तार कर लिया गया है। गिरफ्तारी की खबर मिलते ही जींद पुलिस सतर्क हो गई है और उसके पुराने आपराधिक रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं।
कब और कैसे बना गैंगस्टर
रणदीप वर्ष 2014 में विदेश गया था और 2018-19 में एक बार घर लौटा था। उसके खिलाफ पहला आपराधिक मामला 2011 में कुरुक्षेत्र थाने में मारपीट व अन्य धाराओं के तहत दर्ज किया गया था।
लॉरेंस बिश्नोई गैंग से गहरे संबंध
रणदीप का नाम कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग के करीबी सहयोगियों में गिना जाता है। उसे अमेरिकी एजेंसी FBI ने गिरफ्तार कर जैक्सन पेरिस करेक्शन सेंटर में भेजा है। कार्रवाई अमेरिका के इमिग्रेशन और कस्टम विभाग (ICE) द्वारा की गई।
भारत में साजिश और हथियार सप्लाई का आरोप
FBI के अनुसार रणदीप अमेरिका में बैठकर भारत में हत्या और धमाकों की साजिश रचता था। उस पर हमलावरों को विदेशी हथियार उपलब्ध कराने का भी आरोप है। वह गुरुग्राम और चंडीगढ़ के क्लबों के बाहर धमाके की योजना में भी शामिल रहा है।
भारत करेगा प्रत्यर्पण की कार्रवाई
भारत सरकार रणदीप के प्रत्यर्पण की प्रक्रिया शुरू करेगी। पुलिस सूत्रों के अनुसार, उस पर जींद में फिरौती मांगने का मामला भी दर्ज है।
पुलिस की जांच जारी
जींद पुलिस अधीक्षक कुलदीप सिंह ने कहा कि अभी प्रारंभिक जानकारी ही मिली है। रणदीप के खिलाफ कितने मामले दर्ज हैं, इसकी जांच की जा रही है और सभी तथ्यों की पुष्टि की जाएगी।