Facebook-f Youtube Summer Express - Header One X-twitter

सरकारी योजनाओं के चलते हरियाणा में गरीबी तीन गुना घटी

हरियाणा | हरियाणा में पिछले एक दशक में गरीबी दर में महत्वपूर्ण गिरावट दर्ज की गई है और आम लोगों की आर्थिक स्थिति पहले से बेहतर हुई है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की 2025 की रिपोर्ट के अनुसार, 2011-12 में राज्य में ग्रामीण क्षेत्र की गरीबी 11% और शहरी क्षेत्र की 15.3% थी, जो अब क्रमशः 4.1% और 4.3% पर आ गई है। यानी सिर्फ एक दशक में गरीबी लगभग तीन गुना घट चुकी है। यह राज्य में विकास और सरकारी योजनाओं की प्रभावशीलता का बड़ा संकेत माना जा रहा है।

मासिक खर्च में बढ़ोतरी, असमानता में कमी

रिपोर्ट के अनुसार, इस अवधि में हरियाणा में प्रति व्यक्ति मासिक खपत में तेजी से वृद्धि हुई है और ग्रामीण-शहरी क्षेत्रों के बीच खर्च करने की क्षमता का अंतर कम हुआ है। इसका मतलब है कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था भी पहले से ज्यादा मजबूत हुई है।

गरीबी रेखा में बदलाव

2011-12 में हरियाणा में ग्रामीण गरीबी रेखा 1,128 रुपये और शहरी गरीबी रेखा 1,528 रुपये प्रतिमाह थी। 2022-23 में यह बढ़कर ग्रामीण इलाकों में 2,083 रुपये और शहरों में 2,696 रुपये हो गई है। अब यदि ग्रामीण क्षेत्र का व्यक्ति 2,083 रुपये से कम और शहरी व्यक्ति 2,696 रुपये से कम मासिक खर्च करता है, तो ही उसे गरीब माना जाएगा।

पड़ोसी राज्यों में भी सुधार

  • पंजाब: ग्रामीण गरीबी 7.4% से 0.6%, शहरी गरीबी 17.6% से 2.6%
  • हिमाचल प्रदेश: ग्रामीण 11.1% से 0.4%, शहरी 8.8% से 2%

गरीबी घटने के मुख्य कारण

डीएवी कॉलेज, चंडीगढ़ के अर्थशास्त्र विभाग के प्रोफेसर डॉ. बिमल अंजुम के मुताबिक, हरियाणा में गरीबी घटने के पांच मुख्य कारण हैं:

  1. मुफ्त राशन नीति: लोगों के बैंक बैलेंस में वृद्धि हुई।
  2. समाज कल्याण योजनाओं की पहुंच: पेंशन और अन्य सुविधाओं का लाभ आम जनता तक पहुंचा।
  3. किसानों को अधिक MSP: फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य बढ़ने से आय में सुधार।
  4. विदेश में रोजगार: युवाओं के विदेश जाने और विदेशी मुद्रा की आमदनी से गरीबी में कमी।
  5. NCR क्षेत्र का विस्तार: 14 जिले एनसीआर में शामिल होने से जमीन की कीमत, रोजगार और व्यापार के अवसर बढ़े।

इस रिपोर्ट से स्पष्ट होता है कि हरियाणा में सरकारी योजनाओं, आर्थिक विकास और ग्रामीण-शहरी क्षेत्रों में समन्वित प्रयासों के कारण गरीबी में लगातार कमी आई है।

Karuna

infosummerexpress@gmail.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Trending

चुनाव से पहले नशे व कानून-व्यवस्था पर सवाल

अर्शदीप सिंह समर | समर न्यूज | लुधियानापंजाब में वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव से कुछ महीने पहले अक्टूबर में हुई कई गंभीर आपराधिक घटनाओं ने कानून-व्यवस्था और नशे के कारोबार पर बहस तेज कर दी है। मानसा में नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले परविंदर सिंह झोटा की हत्या, लुधियाना और बठिंडा में पूर्व...

त्योहारों को लेकर फेज-11 थाना पुलिस अलर्ट, रात में बढ़ाई गश्त और चेकिंग

सागर पाहवा | मोहालीसमर न्यूज त्योहारों के सीजन में बाजारों में बढ़ती रौनक और लोगों की आवाजाही को देखते हुए मोहाली पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। फेज-11 थाना पुलिस ने अपने क्षेत्र में चेकिंग अभियान तेज करने के साथ रात के समय गश्त भी बढ़ा दी है। थाना प्रभारी अमन बैदवान खुद...

13 साल बाद पंजाब ने जीती वीनू मांकड़ ट्रॉफी

सागर पाहवा | मोहालीसमर न्यूज पंजाब की अंडर-19 क्रिकेट टीम ने 13 साल के लंबे इंतजार के बाद वीनू मांकड़ ट्रॉफी जीतकर प्रदेश का नाम रोशन किया है। इंदौर के दिल्ली कॉलेज ग्राउंड में खेले गए फाइनल मुकाबले में पंजाब ने मुंबई को हराकर खिताब अपने नाम किया।बुधवार को टीम के पंजाब लौटने पर मोहाली...

चंडीगढ़ नगर निगम की बैठक में टूटी सड़कों को लेकर हंगामा, कांग्रेस और आप पार्षदों ने अधिकारियों को घेरा

समर न्यूज | चंडीगढ़ चंडीगढ़ नगर निगम की बुधवार को आयोजित सामान्य सदन की बैठक में शहर की बदहाल सड़कों और मरम्मत कार्यों में हो रही देरी को लेकर जमकर हंगामा हुआ। कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के पार्षदों ने अपने-अपने वार्डों में सड़कों की खस्ता हालत का मुद्दा उठाते हुए नगर निगम के अधिकारियों...

रेहड़ी-फड़ी वालों की पर्चियां काटने पर फेस-7 मार्केट में गहराया विवाद, निगम की कार्यप्रणाली पर उठे गंभीर सवाल

सागर पाहवा | मोहालीसमर न्यूजदिवाली से पहले ही फेस-7 मार्केट में रेहड़ी-फड़ी वालों की पर्चियां काटने को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। मार्केट प्रधान सरबजीत सिंह पारस ने नगर निगम की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि निगम की ओर से पोस्ट ऑफिस के पास करीब 60 से 70 रेहड़ी-फड़ी वालों की पर्चियां...
Summer Express - header one

हम लाते हैं तेज़, साफ़ और भरोसेमंद ख़बरें — शोर के बीच भी सच्चाई तक पहुंचाने वाली।
चाहे ब्रेकिंग न्यूज़ हो या आपके लिए अहम कहानियाँ, हर दिन हम देते हैं समझदारी और रोचक अंदाज़ में कवरेज।

Must Read

©2025- All Right Reserved.