चंडीगढ़ | अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य और रोहतक के सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने राज्य सरकार से स्पष्ट रूप से मांग की है कि हरियाणा की सरकारी नौकरियां केवल स्थानीय युवाओं को ही मिलें। उन्होंने कहा कि राज्य की नौकरियां हरियाणवी युवाओं का मूल अधिकार हैं और उन्हें प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराई जानी चाहिए।
हुड्डा ने भाजपा सरकार से सवाल उठाया कि अगर बाहर के राज्यों के युवा हरियाणा में सरकारी नौकरियों में लाभ उठाएंगे, तो यहां के युवाओं के लिए अवसर कहां बचेंगे। उन्होंने जोर देकर कहा कि प्रत्येक राज्य अपनी नौकरियों में स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता देता है और हरियाणा को भी ऐसे नियम बनाने चाहिए।
सांसद ने हरियाणा राज्य लोक सेवा आयोग (HPSC) के चेयरमैन के चयन को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि अब तक आयोग के अध्यक्ष बाहरी राज्य के हैं, जबकि राज्य के युवाओं की काबिलियत पर सवाल उठाए जा रहे हैं। हुड्डा ने सरकार से आग्रह किया कि हरियाणवी चेयरमैन को नियुक्त किया जाए।
उन्होंने यह भी याद दिलाया कि जब कांग्रेस की सरकार थी, तब राज्य में सोनीपत रेल कोच फैक्ट्री, महम-भिवानी-हांसी क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट जैसे बड़े प्रोजेक्ट मंजूर किए गए थे। किन्तु वर्तमान भाजपा सरकार की नीति और अक्षमता के कारण ये प्रोजेक्ट अन्य राज्यों में चले गए।
हुड्डा ने कहा कि वर्तमान में अधिकांश सरकारी नौकरियों में बाहर के उम्मीदवार आ रहे हैं, जो कि राज्य के युवाओं के लिए निष्पक्ष अवसरों का उल्लंघन है। उन्होंने यह भी कहा कि हरियाणा की अलग भाषा को ध्यान में रखते हुए भाषा आधारित पेपर लागू करने पर विचार करना चाहिए, जैसा अन्य राज्यों में होता है।