बिजली व्यवस्था और भूमि राशि पर सरकार को किया आगाह
Dharamshala, Rahul-:नेता प्रतिपक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने केंद्रीय विश्वविद्यालय (CU) हिमाचल प्रदेश की उपलब्धियों और आगामी योजनाओं को लेकर अपनी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय ने अपने सोलह साल के सफर में कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं, जो वास्तव में प्रशंसनीय हैं। जयराम ठाकुर ने केंद्रीय विश्वविद्यालय के हिमाचल प्रदेश कैंपस के निर्माण कार्य में तेजी लाने और छात्रों के लिए सुविधाओं को जल्द उपलब्ध कराने पर जोर दिया।
मुख्य अतिथि के रूप में केंद्रीय विश्वविद्यालय के स्थापना दिवस समारोह में शामिल होते हुए जयराम ठाकुर ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा 512 करोड़ रुपये की सहायता से देहरा कैंपस का निर्माण हो रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस कैंपस में जल्द ही शिक्षा का संचालन शुरू किया जा सकेगा। इसके लिए उन्होंने प्रदेश सरकार से भी आग्रह किया कि देहरा कैंपस में बिजली की व्यवस्था जल्द सुनिश्चित की जाए। जयराम ठाकुर ने कहा कि यदि ये इंतजाम समय पर हो गए तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को बुलाकर कक्षाओं का संचालन प्रारंभ करवाना संभव होगा।
धर्मशाला कैंपस को लेकर जयराम ठाकुर ने कहा कि इस परियोजना में भी प्रगति होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार को इस दिशा में 30 करोड़ रुपये की राशि जमा करानी है, जिसे लेकर अब मुख्यमंत्री को संज्ञान लेना चाहिए। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि विपक्ष ने विधानसभा में कई बार इस मुद्दे को उठाया है और धर्मशाला की जनता भी इस संबंध में अपनी मांग कर चुकी है। जयराम ठाकुर ने स्पष्ट किया कि जमीन उपलब्ध हो चुकी है, इसलिए अब परियोजना में कोई विलंब नहीं होना चाहिए।
जयराम ठाकुर ने कहा कि केंद्रीय विश्वविद्यालय का उद्देश्य उच्च शिक्षा को सुदृढ़ बनाना और छात्रों के लिए आधुनिक सुविधाओं का प्रावधान करना है। उन्होंने कहा कि देहरा और धर्मशाला कैंपस का निर्माण प्रदेश के शिक्षा क्षेत्र के लिए मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने यह भी कहा कि शिक्षा और अवसंरचना के क्षेत्र में सरकार और केंद्र को मिलकर काम करना होगा, ताकि युवा पीढ़ी को उच्च गुणवत्ता की शिक्षा मिल सके।समारोह के दौरान जयराम ठाकुर ने विश्वविद्यालय के अधिकारियों और शिक्षकों की भी प्रशंसा की और कहा कि सोलह वर्षों में विश्वविद्यालय ने जिस तरह से शैक्षणिक और संरचनात्मक विकास किया है, वह निश्चित रूप से सराहनीय है।