चंडीगढ़ I उत्तर भारत में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ का सबसे ज्यादा असर पंजाब में देखने को मिल रहा है। मंगलवार से राज्य के कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी है, जबकि कुछ इलाकों में ओलावृष्टि भी दर्ज की गई है। मौसम के इस बदले मिजाज से ठंड में तेज इजाफा हुआ है और जनजीवन प्रभावित हुआ है।
मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के चलते हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में बर्फबारी हुई है, जिसका सीधा असर पंजाब के मैदानी इलाकों में पड़ा है। पहाड़ी राज्यों में बर्फबारी और पंजाब में बारिश व तेज हवाओं के कारण प्रदेश के तापमान में करीब 4 से 5 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की गई है।
चंडीगढ़ मौसम विज्ञान केंद्र ने 30 जनवरी तक शीतलहर और घने कोहरे की चेतावनी जारी की है। हालात को देखते हुए पंजाब के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट’ घोषित किया गया है। विभाग ने कई जिलों में तेज हवाओं के साथ गरज-चमक और बारिश की संभावना जताई है।
पिछले 24 घंटों में राज्य के विभिन्न हिस्सों में तापमान में औसतन चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। लुधियाना में न्यूनतम तापमान 7.7 डिग्री सेल्सियस, जबकि एसबीएस नगर में 9.7 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। बठिंडा में अधिकतम तापमान 18.3 डिग्री सेल्सियस रहा।
बारिश के आंकड़ों के अनुसार, पटियाला जिले में सबसे अधिक 29 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है। लगातार बारिश और ठंड के कारण आम लोगों के साथ-साथ किसानों को भी सतर्क रहने की सलाह दी गई है। मौसम विभाग का कहना है कि अगले कुछ दिनों तक ठंड का असर बरकरार रहेगा, जिससे सुबह और रात के समय दृश्यता और तापमान दोनों पर असर पड़ सकता है।