अंबाला । अंबाला में नशे की हालत में कार चलाकर 24 वर्षीय युवती निकिता को कुचलने के मामले में अब पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। पड़ाव थाना पुलिस ने आरोपित हेड कांस्टेबल अमित कुमार के खिलाफ बीएनएस की धारा 105 (गैर इरादतन हत्या) के तहत केस दर्ज कर लिया है। हालांकि, खबर लिखे जाने तक आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी थी।
बताया जा रहा है कि शुरुआती जांच में आरोपी पर कमजोर धाराएं लगाए जाने से उसे जमानत मिल गई थी, जिससे पीड़ित परिवार में आक्रोश था। इसी कारण दो दिन पहले मृतका के परिजन हरियाणा सरकार में मंत्री अनिल विज से मिले थे और न्याय की मांग की थी। परिजनों ने आरोप लगाया था कि पुलिस ने जानबूझकर मामले को हल्का रखने की कोशिश की। मंत्री विज ने इस पर एसपी अजीत सिंह को उचित कार्रवाई के निर्देश दिए थे। इसके बाद ही अब आरोपी के खिलाफ धारा 105 जोड़ी गई है।
वहीं, इस मामले में पीड़ित परिवार को पड़ाव थाने बुलाया गया था। मृतका के चचेरे भाई मयंक ने बताया कि वे थाने पहुंचे थे, लेकिन उन्हें यह कहकर वापस भेज दिया गया कि किसी अन्य सड़क हादसे के कारण अधिकारी व्यस्त हैं और बाद में बुलाया जाएगा।
मृतका निकिता गुरुग्राम स्थित एक मल्टीनेशनल कंपनी में कार्यरत थी। उसकी करीब ढाई साल की ट्रेनिंग पूरी होने वाली थी और ट्रेनिंग पूरी होते ही उसकी सैलरी बढ़कर करीब सवा लाख रुपये प्रतिमाह होने वाली थी। फिलहाल उसे करीब 40 हजार रुपये वेतन मिल रहा था और वही पूरे परिवार की जिम्मेदारी संभाल रही थी।
परिजनों के अनुसार निकिता के पिता यशपाल किडनी की बीमारी से पीड़ित हैं, मां भी अस्वस्थ रहती हैं और कुछ दिन पहले भाई को भी सिर में चोट लगी थी। ऐसे में निकिता ही घर की आर्थिक रीढ़ थी।
बताया गया कि हादसे से करीब 15 मिनट पहले निकिता ने मां से फोन पर बात की थी और कहा था कि राजमा-चावल बनाकर रख देना। लेकिन किसे पता था कि यह उसकी आखिरी बातचीत साबित होगी।