हमीरपुर ,अरविंद -:हमीरपुर में आयोजित एक पत्रकार वार्ता के दौरान महिला कांग्रेस की पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष अनीता वर्मा ने केंद्र की भाजपा सरकार पर महिला आरक्षण बिल को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि भाजपा, जिसे “जुगाड़ की राजनीति” में माहिर माना जाता है, आखिर कुछ वोटों के अंतर से इस बिल को पास कराने में कैसे असफल हो गई।
अनीता वर्मा ने आरोप लगाया कि यदि भाजपा वास्तव में चाहती, तो अन्य दलों के सांसदों का समर्थन जुटाकर बिल पारित करा सकती थी, लेकिन उसने जानबूझकर ऐसा नहीं किया। उनके अनुसार, भाजपा खुद नहीं चाहती थी कि महिला आरक्षण बिल पास हो और इस मुद्दे पर देश की जनता को गुमराह किया गया।उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि जब केंद्र सरकार वर्ष 2023 में यह बिल ला चुकी थी, तो दोबारा इसे लाने की आवश्यकता क्यों पड़ी। वर्मा ने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने हमेशा महिलाओं को आगे बढ़ाने का काम किया है और संसद से लेकर राज्यों तक महिलाओं को प्रतिनिधित्व दिया है।इस दौरान उन्होंने सांसद कंगना रनौत पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि उन्हें राजनीतिक समझ बढ़ाने की आवश्यकता है।
अनीता वर्मा ने भाजपा पर हिमाचल प्रदेश की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए कहा कि यदि केंद्र सरकार वास्तव में महिलाओं की हितैषी होती, तो राज्य में महिलाओं को आर्थिक सहायता देने की योजनाओं में सहयोग करती। उन्होंने भाजपा पर महिलाओं को बिल के संबंध में सही जानकारी न देने और भ्रमित करने का भी आरोप लगाया।