Summer express, बेरूत | दक्षिणी लेबनान में इजराइल द्वारा किए गए हवाई हमले में एक महिला पत्रकार की मौत हो गई, जो इजराइल-हिजबुल्ला संघर्ष की कवरेज कर रही थीं। हमले के बाद घंटों चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद उनका शव मलबे से बरामद किया गया।
जानकारी के अनुसार, पत्रकार अमल खलील दक्षिणी लेबनान के अल-तिरी गांव में एक मकान में शरण लिए हुए थीं, जब इजराइली सेना ने वहां हमला किया। इससे पहले वह एक सहयोगी के साथ कार से यात्रा कर रही थीं, तभी पास में हुए हमले के बाद दोनों ने जान बचाने के लिए उसी मकान में शरण ली थी।
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार शुरुआती हमले में दो लोगों की मौत हो गई थी, जबकि बाद में उसी मकान पर दोबारा हमला किया गया, जहां अमल खलील और उनकी सहयोगी मौजूद थीं। इस हमले में उनकी सहयोगी गंभीर रूप से घायल हो गईं, जिन्हें बचाव दल ने बाहर निकाल लिया।
रेस्क्यू टीमों को भीषण परिस्थितियों और इलाके में जारी गोलीबारी के कारण राहत कार्य में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कई घंटों की मशक्कत के बाद देर रात पत्रकार का शव मलबे से बाहर निकाला गया।
लेबनान के सूचना मंत्री ने इस घटना को अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून का उल्लंघन बताते हुए कहा कि पत्रकारों को निशाना बनाना एक गंभीर अपराध है।
अधिकारियों के मुताबिक, इस वर्ष लेबनान में पत्रकारों की मौत का आंकड़ा बढ़कर नौ हो गया है, जिससे क्षेत्र में चल रहे संघर्ष की गंभीरता और बढ़ गई है।