जालंधर। जालंधर पुलिस और गढ़ा रोड फायरिंग मामले के आरोपी के बीच मुठभेड़ का मामला सामने आया है। यह मुठभेड़ दोपहर करीब डेढ़ बजे जालंधर कैंट के जमशेर खास इलाके में हुई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे इलाज के लिए सिविल अस्पताल जालंधर में भर्ती करवाया गया।
गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने गढ़ा रोड जमशेर खास इलाके में आरोपी को घेरकर सरेंडर करने के लिए कहा। इसी दौरान आरोपी ने अचानक पुलिस पार्टी पर फायरिंग कर दी, जिसमें पुलिस कर्मचारी बाल-बाल बच गए। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी को पहले 4 जुलाई को नशा तस्करी के मामले में गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ के दौरान आरोपी ने बताया था कि उसने वारदात में इस्तेमाल हथियार एक जगह छिपा रखे हैं।
जब पुलिस टीम उसे हथियार बरामद करवाने के लिए मौके पर लेकर गई, तो उसने पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की। आरोपी ने अचानक हाथ छुड़ाया और छिपाए गए हथियार की तरफ भागकर पुलिस पार्टी पर दो फायर कर दिए।
इसके बाद पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें एक गोली आरोपी के पैर में लगी और वह मौके पर गिर गया। जांच में आरोपी की पहचान श्यामदास के रूप में हुई है, जो मूल रूप से दरभंगा, बिहार का रहने वाला है और फिलहाल गढ़ा इलाके में रह रहा था। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी गढ़ा इलाके में दर्ज हत्या के प्रयास के एक पुराने मामले में भी फरार चल रहा था।
उसने अपने साथी साहिल के साथ मिलकर अपने ही रिश्तेदार अमरजीत पर जानलेवा फायरिंग की थी।पुलिस सूत्रों के अनुसार आरोपी का नेटवर्क अंतरराज्यीय स्तर पर जुड़ा हुआ है। वह बिहार से गांजा लाकर पंजाब में कई जगहों पर सप्लाई करता था। नशा तस्करी के इस अवैध धंधे में वर्चस्व बनाए रखने के लिए आरोपी हथियार भी रखता था।