Summer express, अनिल मंगला , फरीदाबाद। बरसात के मौसम के साथ बढ़ते डेंगू और मलेरिया के खतरे को देखते हुए फरीदाबाद स्वास्थ्य विभाग ने जिलेभर में विशेष अभियान शुरू कर दिया है। बीमारी की रोकथाम के लिए 40 विशेष टीमें फील्ड में तैनात की गई हैं, जो घर-घर जाकर डेंगू के लार्वा की जांच कर रही हैं। अभियान के दौरान अब तक लार्वा मिलने पर 180 लोगों को नोटिस जारी किए जा चुके हैं।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, जिले के सभी सरकारी अस्पतालों में डेंगू और मलेरिया के संभावित मरीजों के उपचार के लिए अलग वार्ड तैयार किए गए हैं। विभाग लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक इंतजाम किए गए हैं।
सिविल सर्जन डॉ. जयंत आहूजा ने बताया कि वर्तमान में जिले में मलेरिया के तीन और डेंगू के दो मरीजों का इलाज चल रहा है। उन्होंने कहा कि लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है, लेकिन सतर्कता बरतना बेहद जरूरी है।
उन्होंने नागरिकों से अपील की कि अपने घरों और आसपास कूलर, गमले, पुराने टायर, छतों और गड्ढों में पानी जमा न होने दें, क्योंकि यही स्थान डेंगू फैलाने वाले मच्छरों के पनपने के प्रमुख स्रोत होते हैं। नियमित रूप से पानी बदलने और साफ-सफाई बनाए रखने से संक्रमण के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
डॉ. आहूजा ने कहा कि यदि किसी व्यक्ति को तेज बुखार, बदन दर्द, सिरदर्द या अन्य लक्षण दिखाई दें तो वह तुरंत नजदीकी सरकारी अस्पताल में जांच कराए। उन्होंने लोगों को बिना डॉक्टर की सलाह के मेडिकल स्टोर से दवाइयां लेने से भी बचने की सलाह दी।
स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि समय पर जांच, उचित उपचार और साफ-सफाई के प्रति जागरूकता ही डेंगू और मलेरिया जैसी बीमारियों से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका है। विभाग ने सभी नागरिकों से सतर्क रहने और अभियान में सहयोग करने की अपील की है।