Summer express, बहादुरगढ़। बहादुरगढ़ में सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के बीच शुक्रवार को उस समय माहौल गरमा गया, जब अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों और निर्दलीय विधायक राजेश जून के बीच तीखी नोकझोंक हो गई। प्रदर्शनकारी विधायक के कार्यालय का घेराव करने पहुंचे थे। इस दौरान विधायक ने सफाई कर्मचारियों के जिला प्रधान राजेंद्र से माइक छीन लिया, जिसके बाद दोनों पक्षों में काफी गहमागहमी देखने को मिली।
सफाई कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर थाली और प्लेट बजाते हुए विधायक कार्यालय के बाहर प्रदर्शन कर रहे थे। कर्मचारियों का कहना था कि उनकी समस्याओं को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है। प्रदर्शन के दौरान विधायक राजेश जून मौके पर पहुंचे और उन्होंने हड़ताल को लेकर नाराजगी जताई।
विधायक ने आरोप लगाया कि सफाई कर्मचारियों की लगातार हड़ताल के कारण शहर की सफाई व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हो रही है और आम लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है। उन्होंने कहा कि करीब 16 दिनों से सफाई व्यवस्था प्रभावित है। विधायक ने कर्मचारियों से काम पर लौटने की अपील करते हुए कहा कि यदि वे काम नहीं करना चाहते तो नौकरी छोड़ सकते हैं।
राजेश जून ने सफाई कर्मचारियों के नेता राजेंद्र को संबोधित करते हुए कहा कि उन्हें किसी समाज का ठेकेदार बनने के बजाय कर्मचारियों और शहर की समस्याओं पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि बार-बार हड़ताल करने से जनता को परेशानी होती है और इससे किसी को लाभ नहीं मिलेगा।
वहीं प्रदर्शनकारी कर्मचारियों ने विधायक के रवैये पर नाराजगी जताई। उनका कहना था कि वे अपनी मांगों को लेकर विधायक को ज्ञापन देने पहुंचे थे, लेकिन उन्हें अपनी बात रखने का पर्याप्त अवसर नहीं मिला। विवाद बढ़ने के बाद कर्मचारी बिना ज्ञापन सौंपे ही वहां से लौट गए। इस दौरान महिला सफाई कर्मचारियों और विधायक के बीच भी बहस होने की बात सामने आई।
विधायक राजेश जून ने बाद में कहा कि उनके करीब 22 महीने के कार्यकाल में सफाई कर्मचारी छह बार हड़ताल कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि वह सफाई कर्मचारियों की मांगों के खिलाफ नहीं हैं और विधानसभा के पिछले सत्र में भी उन्होंने उनकी समस्याओं को उठाया था। इस बार भी वह सरकार के सामने उनकी मांगें रखेंगे, लेकिन शहर की सफाई व्यवस्था को पूरी तरह ठप करना उचित नहीं है।
बहादुरगढ़ में सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के कारण शहर में कचरा जमा होने से हालात पहले ही खराब बताए जा रहे हैं। ऐसे में कर्मचारियों और विधायक के बीच हुए विवाद ने मामले को और तूल दे दिया है। विधायक ने सरकार से कर्मचारियों की जायज मांगों पर विचार करने की बात कही, साथ ही कर्मचारियों से सफाई व्यवस्था बहाल करने की अपील की।