summer express , अबोहर। अबोहर के गांव गिदड़ांवाली में सुबह खेतों के बीच बनी एक खाली सरकारी कोठी में 29 वर्षीय पशु चिकित्सक अमनदीप सिंह का शव खून से लथपथ हालत में मिलने से सनसनी फैल गई। युवक के चेहरे और सिर पर गंभीर चोटों के निशान मिले हैं। प्रारंभिक परिस्थितियों को देखते हुए पुलिस ने मामले को हत्या से जोड़कर जांच शुरू कर दी है।
बताया गया है कि जिस कोठी में अमनदीप का शव मिला, वह गांव निवासी और पटियाला में एसडीएम पद पर तैनात जगजीत सिंह की जमीन पर बनी हुई है। शव मिलने की सूचना मिलते ही डीएसपी अमनदीप सिंह और थाना खुईयां सरवर के एसएचओ परमजीत सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए और शव को पोस्टमार्टम के लिए सरकारी अस्पताल की मोर्चरी में रखवा दिया।
गांव के सरपंच देसराज के अनुसार, सुबह कोठी में युवक का शव पड़े होने की सूचना मिली थी। शव की हालत इतनी खराब थी कि शुरुआती तौर पर उसकी पहचान नहीं हो सकी। पुलिस को घटनास्थल से एक मोबाइल फोन मिला, जिसके आधार पर मृतक की पहचान अमनदीप सिंह के रूप में हुई। इसके बाद पुलिस ने उसके परिजनों को घटना की जानकारी दी।
पुलिस की प्रारंभिक जांच में अमनदीप के शरीर पर तेजधार और नुकीली वस्तु से वार किए जाने के निशान मिले हैं। हालांकि, वारदात में इस्तेमाल हथियार अभी तक बरामद नहीं हुआ है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि अमनदीप को सुनसान इलाके में स्थित कोठी तक कौन लेकर आया था और घटना कब हुई।
परिजनों और ग्रामीणों से पूछताछ के साथ पुलिस मृतक के मोबाइल फोन और उसके संपर्क में रहने वाले लोगों की जानकारी भी खंगाल रही है। जांच में यह भी पता लगाया जा रहा है कि घटना से पहले अमनदीप किसके संपर्क में था।
सरपंच के मुताबिक अमनदीप दो भाइयों और एक बहन में सबसे बड़ा था। वह पशु चिकित्सक के तौर पर काम करता था और उसकी मंगनी भी हो चुकी थी। युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत से परिवार में मातम पसरा हुआ है।
पुलिस के सामने फिलहाल कई अहम सवाल हैं। अमनदीप सुनसान खेतों के बीच बनी कोठी में क्यों गया था, उसके साथ वहां कौन मौजूद था और उस पर हमला करने की वजह क्या थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही मौत की असली वजह और वारदात की पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।