Summer express/शिमला-: हिमाचल राजकीय अध्यापक संघ ने प्रदेश के स्कूलों में विद्यार्थियों की रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया के दौरान आ रही तकनीकी एवं प्रशासनिक दिक्कतों का मामला हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड के समक्ष उठाया है। संघ के प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र चौहान ने बुधवार को हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड के सचिव अंकुश शर्मा से इस संबंध में बातचीत कर शिक्षकों और विद्यार्थियों की समस्याओं से अवगत करवाया।
वीरेंद्र चौहान ने बताया कि प्रदेश के अनेक विद्यार्थियों की अपार आईडी (APAAR ID) आधार कार्ड में दर्ज विवरण में त्रुटियों के कारण अभी तक नहीं बन पाई है। वहीं, बोर्ड की ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया में अपार आईडी को अनिवार्य किए जाने के कारण कई स्कूलों को विद्यार्थियों का पंजीकरण पूरा करने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। विशेष रूप से कक्षा 9वीं, 10वीं और प्लस वन के विद्यार्थियों की रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया प्रभावित हो रही थी।चौहान ने बोर्ड सचिव के समक्ष शिक्षकों की ओर से प्राप्त आपत्तियों और व्यावहारिक कठिनाइयों को विस्तार से रखा। उन्होंने आग्रह किया कि अपार आईडी उपलब्ध न होने की स्थिति में विद्यार्थियों की रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया को बाधित न किया जाए, ताकि स्कूल समय पर सभी विद्यार्थियों का पंजीकरण पूरा कर सकें।संघ प्रदेश अध्यक्ष के अनुसार, बोर्ड सचिव अंकुश शर्मा ने आश्वासन दिया है कि अपार आईडी की अनिवार्यता को हटाने की दिशा में आवश्यक कदम उठाए जाएंगे, ताकि विद्यार्थियों की रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया सुचारू रूप से आगे बढ़ सके। उन्होंने कहा कि बोर्ड की ओर से इस बात का ध्यान रखा जाएगा कि अपार आईडी से संबंधित तकनीकी अथवा आधार विवरण की त्रुटियों के कारण किसी विद्यार्थी का पंजीकरण प्रभावित न हो।वीरेंद्र चौहान ने कहा कि बोर्ड के इस आश्वासन से प्रदेश के स्कूलों में कार्यरत शिक्षकों और विद्यार्थियों को राहत मिलने की उम्मीद है। संघ ने उम्मीद जताई कि रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया को सरल बनाकर स्कूलों को जल्द राहत प्रदान की जाएगी।