‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ के नारों से गूंजा परिसर, बोर्ड पर लिखे विरोधी नारे; CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कांग्रेस ने खोला मोर्चा
Summer express/शिमला, संजू-: चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली और मतदाता सूचियों से जुड़े मुद्दों को लेकर हिमाचल कांग्रेस ने शुक्रवार को शिमला में जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार की अगुवाई में पार्टी के नेता और कार्यकर्ता निर्वाचन विभाग के कार्यालय के बाहर पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पुतले भी जलाए गए। हालांकि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू प्रदर्शन में नजर नहीं आए।
सरकारी गाड़ी पर चढ़े कार्यकर्ता, बोर्ड पर पोती कालिख
प्रदर्शन के दौरान कुछ कांग्रेस कार्यकर्ता सरकारी वाहन पर चढ़ गए और निर्वाचन विभाग के बोर्ड पर कालिख पोत दी। इसके बाद बोर्ड पर विरोध में ‘इलेक्शन कमीशन चोर है’ लिख दिया गया। प्रदर्शनकारियों ने ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ के नारे लगाते हुए चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। पुतला जलाने की कोशिश के दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने का प्रयास किया, जिसके बाद मौके पर माहौल तनावपूर्ण हो गया।पुलिस के रोकने पर प्रदर्शनकारियों और जवानों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। इसी दौरान एक कांग्रेस कार्यकर्ता ने पुलिस को कथित तौर पर धमकी दी कि यदि उन्हें धक्का दिया गया तो वे कार्यालय के अंदर आग लगा देंगे। प्रदर्शन के दौरान कुछ कार्यकर्ताओं ने वाहन को भी नुकसान पहुंचाने और आग लगाने जैसी बातें कहीं। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया और प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोका।कांग्रेस नेताओं का कहना है कि मतदाता सूची और चुनाव प्रक्रिया को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। पार्टी ने चुनाव आयोग से इन मुद्दों पर जवाब और पारदर्शिता की मांग की। कांग्रेस के अनुसार, चुनाव प्रक्रिया में मतदाताओं के अधिकार और मतदाता सूचियों की शुद्धता से जुड़े सवालों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए।
हिमाचल कांग्रेस प्रभारी रजनी पाटिल ने प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी की ओर से उठाए जा रहे ‘वोट चोरी’ के मुद्दे का उल्लेख किया। उन्होंने हरियाणा और महाराष्ट्र सहित कुछ राज्यों के चुनावों में कथित अनियमितताओं के आरोपों को दोहराया। पाटिल ने चुनाव आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी से जुड़े पत्र का हवाला देते हुए कहा कि उसमें उठाए गए मुद्दे गंभीर हैं और चुनाव आयोग को स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।
प्रदर्शन में उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री, शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर, मंत्री चंद्र कुमार, पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा सिंह सहित पार्टी के कई नेता और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे। नेताओं ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर अपनी आपत्तियां सामने रखीं और मतदाता सूची से जुड़े मामलों में जवाबदेही की मांग की।
यह प्रदर्शन कांग्रेस के देशव्यापी कार्यक्रम का हिस्सा रहा। पार्टी की ओर से चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विभिन्न राज्यों में विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया गया था। इसी क्रम में हिमाचल कांग्रेस ने शिमला में निर्वाचन विभाग कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया।प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ नारेबाजी की। पार्टी नेताओं ने कहा कि मतदाता सूची और चुनाव प्रक्रिया से जुड़े सवालों पर चुनाव आयोग को स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। प्रदर्शन के दौरान रजनी पाटिल, मुकेश अग्निहोत्री, रोहित ठाकुर और विनय कुमार ने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया और कांग्रेस की ओर से उठाए जा रहे चुनाव संबंधी मुद्दों को सामने रखा।